जिले के किसानों को आर्थिक रूप से समृद्ध बनाने और गेहूं की पैदावार बढ़ाने के लिए जिला कृषि विभाग ने दो नई किस्में के बीज क्रय केंद्रों पर पहुंचाए हैं। करण वैष्णवी और करण वंदना गेहूं की आधुनिक किस्में गेहूं की पैदावार बढ़ाएंगी। दावा है कि किसान पांच क्विंटल प्रति बीघा अधिक पैदावार कर सकेंगे। जिला कृषि विभाग के अनुसार, जिले में इस बार 5,444 क्विंटल करण वैष्णवी और करण वंदना उन्नत किस्म की बोआई की जाएगी।
जिला कृषि अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि बीते साल 1.51 हेक्टेयर क्षेत्रफल में गेहूं की बोआई हुई थी। इस बार रकबा बढ़ने की संभावना है। किसानों को गेहूं की अच्छी पैदावार हो, इसको देखते हुए भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद आईसीएआर और भारतीय गेहूं और जौ अनुसंधान संस्थान करनाल के संयुक्त प्रयास से बीज मंगाए गए हैं।
उन्होंने बताया कि नई किस्मों से प्रति हेक्टेयर करीब 20 क्विंटल तक गेहूं की अधिक पैदावार होगी। जबकि अभी तक प्रति हेक्टेयर करीब 60 से 65 क्विंटल गेहूं की पैदावार होती है। उन्होंने बताया कि गेहूं की बोआई 15 से 30 नवंबर के बीच बोआई करने से पैदावार बढ़ने की संभावना रहती है।
बीज पर मिलेगा 50 फीसदी अनुदान
जिला कृषि अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि बीज पर अनुदान के लिए किसानों को ऑनलाइन आवेदन करना होगा। लॉटरी के माध्यम से चयन किया जाएगा। इसके बाद पंजीकृत मोबाइल पर मैसेज जाएगा। स्थानीय बीज क्रय केंद्र पर किसानों को 50 फीसदी अनुदान पर गेहूं का बीज मिल सकेगा।