मुंबई से आए युवक के कोरोना पाजिटिव निकलने पर दूसरे दिन उसे एंबुलेंस से पूरेकेशव राय स्थित ट्रामा सेंटर में बने कोविड अस्पताल ले जाया गया। उसके साथ आए छह लोगों को गांव के स्कूल में आइसोलेट किया गया है। गांव की सीमा सील करते हुए थर्मल स्क्रीनिंग व सैनिटाइजेशन अभियान शुरू किया गया है।
लालगंज कोतवाली के संड़वा दुबान निवासी एक प्रवासी श्रमिक चार दिन पहले ट्रेन से मुंबई से आया था। भुपियामऊ स्थित जयमंगल सिंह कालेज में क्वारंटीन करने के दौरान उसकी तबियत खराब होने पर सैंपल जांच के लिए भेजा गया था। बाद में उसे होम क्वारंटीन रहने की बात कहकर घर भेज दिया गया। इसके बाद वह गांव के प्राइमरी स्कूल में आकर आइसोलेट हो गया।
रविवार की शाम उसके कोरोना पाजिटिव मिलने पर हड़कंप मच गया। दूसरे दिन सोमवार को दोपहर बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम गांव के प्राइमरी स्कूल पहुंची और उसे एंबुलेंस से पूरेकेशव राय स्थित कोविड अस्पताल ले जाया गया।
पीड़ित को ले जाने के बाद स्कूल परिसर को सैनिटाइज किया गया। कोरोना पाजिटिव के साथ मुंबई से आए पिता, चाचा व गांव के छह लोगों को स्कूल में क्वारंटीन किया गया है। उधर, प्रशासन ने संड़वा दुबान गांव की सीमा को चोराें तरफ से सील कर दिया है।
पड़ोसी गांव में भी कोरोना के संक्रमण का साया
संड़वा दुबान में कोरोना का मामला सामने आने के बाद पड़ोसी गांव देवली में भी संक्रमण खतरा मंडरा रहा है। बताया जाता है कि संड़वा दुबान में जो युवक कोरोना पाजिटिव निकला है, उसके साथ देवली गांव का एक युवक भी आया था। दोनों मुंबई में एक ही कमरे में रहते थे। फिलहाल देवली निवासी युवक घर में क्वारंटीन है। ग्राम प्रधान मनोज सिंह ने उसे घर में रहने की हिदायत दी है। स्वास्थ्य विभाग की टीम अभी तक उसकी जांच के लिए नहीं पहुंची है। जिससे गांव वालेे घबराए हुए हैं।