प्रयागराज-अयोध्या राजमार्ग पर विवाहिता की आबरू तार-तार होती रही। पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। जबकि चंद कदम की दूरी पर पुलिस मुस्तैद थी। आरोपी महिला को भुपियामऊ चौराहे पर बोलेरो से उतारकर भागे। फिर भी पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी रही।
मेरठ की रहने वाली महिला को झांसे में लेकर पति उसके मायके गाजियाबाद से 11 मार्च को निकला। हाईकोर्ट प्रयागराज में सुलह समझौता कराने की बात कहकर पति पत्नी को बोलेरो से लेकर निकला था। उसके साथ उसके तीन दोस्त व एक महिला भी थी। नगर कोतवाली के भुपियामऊ पुलिस चौकी से चंद कदम दूर यूके लिप्टस की बाग में पति ने जबरन अपनी पत्नी को साथियों के हवाले कर दिया। शादाब के तीन दोस्तों ने उसकी आबरू हाईवे के करीब बाग में तार-तार कर दी।
इस बात की पुलिस को भनक तक नहीं लगी। हाईवे की पेट्रोलिंग करने वाली पुलिस भी नदारद रही। हैवानियत का खेल खेलने के बाद आरोपी भुपियामऊ पुलिस पिकेट के सामने से भागे। आरोपियों ने विवाहिता को चौराहे पर उतारा था। कुछ देर बाद वह बेहोश हो गई, लेकिन पुलिस अनजान बनी रही। लोगों की मानें तो पुलिसकर्मियों ने महिला को बेहोशी की हालत में देखा भी, लेकिन उसे अस्पताल पहुंचाना बेहतर नहीं समझा।
दूसरे दिन शिकायत के बाद चौकी पुलिस की कुंभकर्णी नींद खुली। घटनास्थल पर अभी भी पीड़िता की टूटी चूडिय़ां बिखरी पड़ी हैं। दरिंदगी का महिला विरोध करती रही, लेकिन किसी ने उसकी नहीं सुनी।