प्रतापगढ़ पुलिस द्वारा गिरफ्तार बैंक से करोड़ों की ठगी करने बाले आरोपी। संवाद
जिले की पुलिस ने बड़े आर्थिक अपराध का खुलासा करते हुए चेक क्लोनिंग से धोखाधड़ी करने वाले गैंग का भंडाफोड़ किया है। गिरफ्तार किए गए बदमाशों ने 65 चेक की क्लोनिंग कर बैंकों से करोड़ों रुपये उड़ाए हैं। सबसे अधिक धोखाधड़ी बैंक ऑफ बड़ौदा से हुई है, जिसकी वजह से बैंक को अपने नियम बदलने पड़े। 65 भुक्तभोगियों में सर्वाधिक 46 प्रतापगढ़ के हैं। शेष
27 मई को जेठवारा पुलिस को बैंक ऑफ बड़ौदा डेरवा शाखा के खाताधारक ने शिकायत कर बताया कि उसके खाते से 11.74 लाख रुपये निकाल लिए गए हैं। इसके बाद जून में एक दूसरे खाताधारक ने 17.65 लाख रुपये निकाल लिए जाने की शिकायत की। इसी तरह 10 जून को अंतू में 34 लाख, 11 जून को नगर कोतवाली स्थित बैंक से 35 लाख और 18 जून को 25 लाख रुपये खाते से चेक के जरिए निकाले जाने की शिकायतें आईं।
एसपी सतपाल अंतिल ने बताया कि पुलिस मुकदमा दर्ज कर घटनाओं की छानबीन कर रही थी। इसी बीच पुलिस की एक टीम दिल्ली रवाना हुई और वहां से आसिफ उर्फ आर्यन शर्मा को साउथ दिल्ली से, सुरेंद्र सिंह को ईस्ट ऑफ कैलाश से और अरुण कुमार उर्फ अभिवन गुप्ता को लक्ष्मी नगर से पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि वह चेक का फर्जी क्लोन बनाकर अब तक 65 चेकों से रुपये निकाल चुके हैं, जिसमें से 46 प्रतापगढ़ के हैं। इस धोखाधड़ी का खुलासा होने पर पर बैंक ऑफ बड़ौदा ने चेक से लेनदेन के नियमों में बड़ा बदलाव करते हुए सभी चेक धारकों से पुष्टि के बाद ही क्लीयरिंग का निर्देश जारी किया है।
इनसेट-
शातिरों ने मंडल की अलग-अलग बैंक शाखाओं में 65 चेक लगाए
बदमाशों ने प्रतापगढ़ के अलावा मंडल के प्रयागराज, फतेहपुर और कौशाम्बी जिलों की अलग-अलग बैंक शाखाओं में क्लोन चेक लगाकर धोखाधड़ी की।