हिदायत के बावजूद अवैध आरा मशीन चलाने वाले सात संचालकों के खिलाफ वन रेंजर ने कार्रवाई की है। आरा मशीनों को बंद कराने के बाद जेठवारा थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है। एक साथ सात संचालकों पर कार्रवाई से अवैध आरा मशीन संचालकों में खलबली मच गई है।
जेठवारा और डेरवा इलाके में बड़े पैमाने पर अवैध आरा मशीन संचालन का काम किया जा रहा था। करीब एक माह पहले कुंडा वन रेंजर आशीष सिंह ने नोटिस जारी करते हुए एक सप्ताह के अंदर अवैध आरा मशीनों को बंद करने का आदेश दिया था। नोटिस जारी होने के बाद भी संचालक बेखौफ होकर आरा मशीन का संचालन कर रहे थे। जानकारी होने पर टीम के साथ वन रेंजर ने जेठवारा और डेरवा इलाके का निरीक्षण किया। वन विभाग की टीम को देख अवैध आरा मशीन संचालक भाग खड़े हुए। काम कर रहे लोग भी वह से भाग निकले। वन रेंजर ने सात अवैध आरा मशीनों को बंद करने की नोटिस चस्पा कर दी। निरीक्षण के दौरान आरा मशीन और लकड़ी के साथ अन्य सामान बरामद किए गए। वन रेंजर आशीष सिंह की तहरीर पर जेठवारा पुलिस ने कसहर निवासी बृजेश जायसवाल, भावनपुर के सगीर, सबलगढ़ के अब्दुल्ला, गोपालगंज भावनपुर के कल्लू, गोपालगंज के अफजल, खटवारा के वकील अहमद और भावनपुर के सुरेश मिश्र के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।