प्रतापगढ़। शुक्रवार की शाम शहर के किशोरी सदन में महाराजा अग्रसेन की जयंती धूमधाम से मनाई गई। अग्रवाल समाज के जिलाध्यक्ष जय नारायण अग्रवाल ने कहा कि महाराजा अग्रसेन ने अपनी शक्ति और संगठन के बल पर एक योग्य राजा होने का गौरव प्राप्त किया था। व्यापारी नेता श्रीकिशोर अग्रवाल ने कहा कि धर्म और आदर्शों पर चलने वाला अग्रवाल समाज सभी वर्गों को साथ लेकर चलता है।
नीतू अग्रवाल ने महिलाओं को अपने हक के लिए आगे आने का आह्वान किया। कार्यक्रम में गरबा, भांगड़ा, रीमिक्स गीतों पर अंजू, सुधा, रागिनी, सुनीता, अल्का, नूतन, मधु, नीतू, माला, पूजा, चित्रा, रोली और शिखा ने नृत्य प्रस्तुत कर सभी का दिल जीत लिया। फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में बच्चों ने प्रतिभाग कर कार्यक्रम को रोचक बना दिया। प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली बालिकाओं को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में 70 वर्ष की अवस्था पार करने वाले बुजुर्गों को अग्ररत्न देकर सम्मानित किया गया। इस मौके पर श्रीचंद्र अग्रवाल, राजेंद्र अग्रवाल, अजीत जैन, अविनाश, प्रकाश चंद्र, त्रिलोक चंद्र, लक्ष्मण, अमित, विपिन, अनूप समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
राशन की दुकानों पर मिलेगी अरहर की दाल
जिला प्रशासन की पहल पर व्यापारी खोलेंगे स्पेशल काउंटर
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। दाल के दामों को नियंत्रित करने के लिए जिला प्रशासन ने कदम उठाते हुए कोटे की दुकानों और स्पेशल काउंटर से दाल बेचने का निर्णय लिया है। इन काउंटरों से मंगलवार से सस्ती दाल मिलनी प्रारंभ हो जाएगी। अधिकारियों की मानें तो तहसील मुख्यालयों पर भी काउंटर खोले जा रहे हैं।
अरहर की दाल की बढ़ती कीमतों को नियंत्रित करने के लिए जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। जिले के थोक विक्रेताओं के गोदामों पर छापेमारी करने के बाद जब प्रशासन को कोई सफलता नहीं मिली तो उसने अब थोक विक्रेताओं से सहयोग लेकर सार्वजनिक वितरण प्रणाली की दुकानों, शहर और तहसील मुख्यालयों पर दाल बिक्री के लिए स्पेशल काउंटर खोलने की व्यवस्था की है। मंगलवार से इन काउंटरों पर दाल का वितरण प्रारंभ हो जाएगा। जिलाधिकारी अमृत त्रिपाठी के निर्देश पर शहर और चिलबिला में स्पेशल काउंटर खोलने के लिए स्थान चिह्नित किए जा रहे हैं। अफसरों का ऐसा मानना है कि शहर में अरहर की दाल खरीदने वाले अधिक लोग होते हैं। इसलिए शहर और तहसील मुख्यालयों मे प्रयोग के तौर पर दाल बिक्री के लिए काउंटर खोले जा रहे हैं। अगर सफल हुए बड़े बाजारों में भी काउंटर खोले जाएंगे। इधर ग्रामीण और शहरी इलाकों में भी दाल बिक्री के लिए कोटे की दुकानों का चयन किया जा रहा है। जिला पूर्ति अधिकारी डीपी सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति को पांच किग्रा से अधिक दाल नहीं दी जाएंगी। उन्होंने तहसील मुख्यालयों में बुधवार से काउंटर खोलने की बात कही है।