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Pratapgarh News: सीबीआई और आयकर अधिकारी बनकर आपराधिक वारदात करने में पांच गिरफ्तार

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सीबीआई और आयकर अधिकारी बनकर ठगी करने वाले गैंग का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने शुक्रवार को पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 3.69 लाख रुपये के नकली नोट बरामद किए गए हैं। साथ ही फर्जी आईडी और अवैध हथियार भी पुलिस ने जब्त किए हैं।
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महुआर निवासी ठेकेदार राजेश त्रिपाठी और पट्टी कस्बा निवासी राम विशाल तिवारी 14 जुलाई को कार से उड़ैयाडीह की ओर जा रहे थे। इस दाैरान उड़ैयाडीह-पृथ्वीगंज मार्ग स्थित पुलिया के समीप तीन अज्ञात लोगों ने उन्हें रोक लिया और खुद को आयकर अधिकारी बताकर कार की तलाशी ली। वाहन में रखे पांच लाख रुपये कब्जे में लेकर थाने आने की बात कहकर आरोपी निकल गए। राजेश ने पुलिस को फोन करना चाहा तो साथी राम विशाल ने मना कर दिया। इसके बाद साथी पर भी लूट में शामिल होने का शक जताते हुए राजेश ने पुलिस को लिखित शिकायत दी। मामले में एसपी के आदेश पर गठित टीम ने आरोपियों की तलाश में कई जगहों पर दबिश दी। शुक्रवार को महदहा नहर पुलिया के समीप से पुलिस टीम ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया। इसमें पट्टी क्षेत्र अंतर्गत बीबीपुर निवासी बृजेश सिंह, कस्बा निवासी राम विशाल तिवारी, जौनपुर के बक्शा थाना क्षेत्र अंतर्गत काजी नेवादा निवासी रामसकल केवट, आसपुर देवसरा की नई बस्ती सैफाबाद निवासी लल्लू केवट, प्रयागराज मऊआइमा के परानू का पुरा निवासी रंजीत यादव शामिल है।
आरोपियों के पास से 500 और 200 रुपये के कुल 3.69 लाख के नकली नोट बरामद किए गए। इसके अलावा 3.30 लाख की नकदी, एक बाइक, छह मोबाइल, सीबीआई और आयकर विभाग की फर्जी आईडी, एक तमंचा और दो कारतूस भी बरामद हुए हैं। एसपी डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि पट्टी कस्बा निवासी राम विशाल तिवारी ने अपने साथियों संग लूट की साजिश रची थी।
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अंबेडकर नगर, अमेठी, प्रतापगढ़ में भी आरोपियों के खिलाफ हैं संगीन मामले
पुलिस के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ अंबेडकर नगर, अमेठी, प्रतापगढ़ में छिनैती, फर्जी दस्तावेज और अपहरण जैसे संगीन मामले दर्ज हैं। पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि नकली नोटों को असली नोट में मिलाकर बाजार में चलाने का काम करते हैं। लोगों को डराने और धमकाने के लिए तमंचा रखते हैं। वारदातों को अंजाम देने के लिए सीबीआई व आयकर अधिकारी की फर्जी आईडी भी पास में रखते हैं।
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