प्रतापगढ़ रेलवे स्टेशन पर शुक्रवार की भोर में पुलिस को चुनौती देते हुए प्लेटफार्म तीन पर पहुंचे बदमाशों ने फायर झोंक दिया। हालांकि गोली किसी को लगी नहीं। फायरिंग से प्लेटफार्म पर भगदड़ मच गई। यात्री, रेलकर्मी जान बचाकर वहां से भाग निकले। गोली चलाने वाले दो युवक बड़े आराम से प्लेटफार्म से बाहर निकल गए। बाद में पहुंची आरपीएफ और जीआरपी ने डंडा पटकना शुरू कर दिया।
प्रतापगढ़ स्टेशन पर इस दिनों अराजकतत्वों की गतिविधियां बढ़ गई है। इससे बेखबर जीआरपी और आरपीएफ ड्यूटी के नाम पर केवल खाना पूरी कर रही है। रात में जिनकी ड्यूटी लगाई जाती है वे प्लेटफार्म छोड़कर बाहर चले जाते हैं। पुलिस की कमजोरी का फायदा उठाकर शुक्रवार को स्टेशन के अंदर दाखिल हुए दो बदमाश किस्म के लोग प्लेटफार्म तीन पर पहुंच गए। उस समय कानपुर जाने वाली इंटरसिटी के छूटने का समय हो चुका था। ट्रेन में चढ़ने वाले यात्रियों की भीड़ थी। उसी बीच बुक स्टाल के निकट दो युवकों ने कट्टा निकाला और फायर झोंका। गोली चलने से प्लेटफार्म और ट्रेन में भगदड़ मच गई। लोग भागना शुरू कर दिए। प्रत्यक्षदर्शी रेलकर्मियों के अनुसार दोनो युवक फायर करते हुए लाइन क्रास करके बड़े आराम से बाहर चले गए। घटना के वक्त कोई भी पुलिसकर्मी प्लेटफार्म तीन पर नहीं था।
फायर होने की सूचना मिली तो सहमे पुलिस वाले मौके पर पहुंचे। लोगों से पूछताछ में पता चला कि दो युवकों ने फायर किया है। वे किसको निशाने बनाने आये थे इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। इस बारे में जीआरपी वालों का कहना है कि गोली चलने की चर्चा सुनी है। गोली कैसे चली किसने चलाई इसकी जानकारी नहीं हो पाई है। किसी ने इसकी लिखित शिकायत भी नहीं की है। हो सकता है किसी ने हवाई फायर किया हो।