डीएम अमृत त्रिपाठी ने कहा है कि परीक्षा केंद्रों पर नकल होने पर पूरी तरह केंद्र व्यवस्थापक जिम्मेदार होंगे। सेक्टर मजिस्ट्रेट संबंधित केंद्र व्यवस्थापकों पर प्राथमिकी दर्ज कराएंगे। उन्होंने कहा कि नकलची 27 केंद्रों की सूची मिल गई है। इन केंद्रों पर दो-दो स्ट्रेटिक मजिस्ट्रेट की तैनाती की जाएगी। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाएं 19 फरवरी से प्रारंभ हो रही है। बुधवार को शहर के हादीहाल में डीएम ने केंद्र व्यवस्थापकों के साथ बैठक कर नकलविहीन परीक्षा कराने का आह्वान किया। जिलाधिकारी ने केंद्र व्यवस्थापकों को चेताया कि अगर नकल हुई तो किसी भी केंद्र व्यवस्थापक को बख्शा नहीं जाएगा।
उन्होंने बताया कि जिले के 27 कालेजों को नकलची घोषित किया गया है। इन केंद्रों पर दो-दो स्ट्रेटिक मजिस्ट्रेट की तैनाती की जाएगी। प्रत्येक दस स्कूल पर सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए जाएंगे। वर्ष 2015 में परीक्षार्थी कम और परीक्षा केंद्र अधिक होने के बाबत डीएम ने कहा कि छात्र-छात्राओं की सुविधा के लिए अधिक केंद्र बनाए गए हैं। इसके पूर्व डीआईओएस आरके वर्मा ने नकलविहीन परीक्षा कराने का टिप्स दिया। प्रधानाचार्य परिषद के अध्यक्ष डा. केसी पांडेय ने केंद्र व्यवस्थापकों से परीक्षा में सहयोग करने का आह्वान किया। इस मौके पर एएसपी बृजेश मिश्र, एसडीएम सदर जेपी मिश्र, प्रिंसिपल नसरत अली, अरविंद सिंह, राजकुमार सिंह, विंध्याचल सिंह, मो. अनीस, सूर्यभान सिंह, संतोष मिश्र, सुनील सिंह आदि मौजूद रहे।