कुल्हाडी से हमला कर पिता को मौत के घाट उतारने वाले कलियुगी बेटे को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसके छोटे भाई की तहरीर पर गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
रानीगंज थाना क्षेत्र के टंडवा लच्छीपुर निवासी अभयराज उर्फ पप्पू का पत्नी से माह भर पहले विवाद हो गया था। नाराज होकर उसकी पत्नी बच्चों को घर पर छोडक़र खुद मायके चली गई थी। अभयराज के पिता रामदास (65) बार-बार उससे बहू को मायके से विदा कराकर लाने की बात कह रहे थे। जिसको लेकर बीते सप्ताह भर से पिता और पुत्र के बीच कहासुनी हो रही थी। बुधवार की रात खाना खाने के बाद रामदास बरादमे में अपनी चारपाई पर सो गए।
कुछ दूरी पर उनकी पत्नी इसरावती सो रही थी। देर रात अभयराज उर्फ पप्पू हाथ में कुल्हाड़ी लेकर पिता की चारपाई के पास पहुंचा और उनके सिर पर ताबड़तोड़ कई प्रहार कर दिए। चीख सुनकर उसकी मां की नींद टूट गई। वह शोर मचाने लगी। इस पर परिवार के लोग वहां पहुंच गए। आनन-फानन में रामदास को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पिता की मौत के बाद हत्यारोपी पप्पू घर से फरार हो गया। हालांकि बाद में रानीगंज पुलिस ने गाजी का बाग से उसे गिरफ्तार कर लिया। शुक्रवार को आरोपी के छोटे भाई सिद्धार्थ की तहरीर पर पुलिस ने गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया।
पिटाई से तंग आकर हत्यारोपी की पत्नी चली गई थी मायके
पिता के हत्यारे अभयराज ने माह भर पहले किसी बात को लेकर पत्नी कंचन की पिटाई कर दी थी। इसके चलते वह अपने मायके चली गई। इससे उसके बच्चों को परेशान होना पड़ता था। रामदास इसीलिए उसे मायके से लाने के लिए अभयराज पर दबाव डाल रहा था।
अभयराज ने नहीं खोला हत्या का राज
अभयराज ने पिता की हत्या क्यों की, यह अभी भी रहस्य बना है। पूछताछ के दौरान उसने पुलिस को हत्या का राज नहीं बताया। सूत्रों ने बताया कि पुलिस की पूछताछ के दौरान वह खुद को मनोरोगी बताता रहा। इसको लेकर पुलिस भी परेशान रही। घटना के बाद अभयराज की पत्नी मायके से आ गई है। पुलिस अब उससे यह जानकारी जुटाना चाह रही है कि उसका पति किन कारणों से अपने पति की हत्या कर सकता है।