शहर की हर गली व चौराहे पर मौत का जाल बिछाकर बिजली विभाग के अफसरों ने आंख में पट्टी बांध लिया है। मकड़ी के जाले की तरह खंभों पर कनेक्शन की केबिलें व लटकते खुले तार खतरे को न्योता दे रहे हैं। हवा का हल्का झोंका चलते ही खतरा और भी बढ़ जाता है। नगर के लोग इन विद्युत तारों से हमेशा दहशत में रहते हैं। मगर कई मर्तबा की गई शिकायतों पर भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे।
स्थिति यह है कि कुछ लोगों जबरिया लकड़ी का पोल गाड़ कर ट्रांसफार्मर व खंभों से घर तक केबिल खींच रखा है। असुरक्षित तरीके से खींची गई केबिल खतरे की आशंका और भी मजबूत कर रही है। हैरत यह है कि विभाग ने भी कई जगह बल्ली गाड़ रखा है। लंबे समय से बल्लियों को न बदले जाने से वे सड़ चुकी हैं। भगवाचुंगी से लेकर बाबागंज, स्टेशन रोड, आजादनगर, तेलिया व सदर चौराहा, नया और पुरानामाल गोदाम रोड पर यह स्थितियां किसी भी समय देखी जा सकती हैं। बिजली के हाईटेंशन तार कई जगह लटक रहे हैं।
विभाग के लाइनमैन इन तारों को कसना मुनासिब नहीं समझते। शहर के अधिवक्ता विवेक त्रिपाठी, सोनू चौरसिया, बबलू गुप्ता, हन्नी, राजू, वीके श्रीवास्तव आदि ने कहा कि विद्युत के इन तारों व केबिलों को कसने की मांग कई बार अधिकारियों से की गई। मगर आज तक इस ओर ध्यान नहीं दिया गया। उन लोगों ने आशंका जताई है कि उपेक्षा का यही हाल रहा तो किसी भी दिन बड़ा हादसा हो सकता है।