रविवार को जिले में लगातार दूसरे दिन भूकंप आने के कारण हड़कंप मच गया। सुबह करीब 12.42 पर झटके लगने के कारण लोग सिहर उठे। भूकंप से सहमे दो लोगों की मौत हो गई। पट्टी में बारजा के ऊपर रखा बाक्स गर्भवती महिला के पेट पर गिर गया। इससे वह गंभीर रूप से जख्मी हो गई। दीवार गिरने से एक बालिका को भी चोटें आईं। दहिलामऊ में एक मकान गिर गया। कई जगह दीवारें फट गईं। छतों में दरार पड़ गई। सनई अनुसंधान केंद्र के मुताबिक, रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 6.4 रही और यह करीब 12 सेकेंड तक रहा।
शनिवार को दो बार धरती हिलने से सहमे लोग अभी पूरी तरह सामान्य भी नहीं हुए थे कि रविवार को फिर भूकंप का झटका लग गया। इससे दहशत पैदा हो गई। जिले भर में खलबली मच गई। लोग घरों से निकलकर सड़कों पर आ गए। जिला अस्पताल के पेइंग वार्ड की दीवार में दरार आ गई। दहिलामऊ एक मकान ढह गया। प्रतापगढ़ सिटी के मलियाना टोला में में काली मंदिर का गेट गिर गया। मंदिर की दीवारें चटक गईं। पूरेली गांव में भोला सिंह का गेस्ट रूम ढह गया। भदोही गांव में अनिल सिंह के घर की दीवार में दरार आ गई। कटरा इंदु कुंवर गांव में हरिश्चंद्र हरिजन की दीवार ढह गई। शहर में सच्चा आश्रम की छत चटक गई।
श्रीराम तिराहे पर एक मकान की दीवारों में दरार आ गई। उधर, सदर कोतवाली क्षेत्र के कटकाकली गांव निवासी भोला गौड़ (55) शनिवार को भूकंप का झटका लगने के बाद सहम गया। उसे दो-तीन बार हार्ट अटैक हुआ। रात में घरवाले अस्पताल ले जाने की तैयारी कर रहे थे कि उसकी मौत हो गई। इसी तरह कंधई थाना क्षेत्र के सरखेलपुर निवासी शमशुद्दीन (52) रविवार को चारपाई पर लेटे थे। उन्हें कुछ दिनों से बुखार आ रहा था। भूकंप आने पर चारपाई हिलने लगी। इससे वह बुरी तरह डर गए। थोड़ी ही देर में उनके प्राण पखेरू उड़ गए।