चाय पीते ही दो बच्चों सहित चार लोगों की हालत बिगड़ गई। उन्हें उल्टी होनी शुरू हो गई। परेशान परिजन आनन-फानन में जिला अस्पताल में भर्ती कराया। परिजनों की मानी जाए तो चाय की पत्ती में कुछ गड़बड़ी थी। चाय पत्ती डालने के बाद पानी का रंग नीला हो जा रहा था।
कंधई थाना क्षेत्र के सराय गनई गांव निवासी सुनील की पत्नी सरिता शुक्रवार की सुबह चाय बनाने जा रही थी। सुनील की मानें तो चाय की पत्ती घर में नहीं थी। उसका बेटा प्रांजल (6) गांव में स्थित एक किराने की दुकान से एक रुपये पैकेट वाली कोई चाय की पत्ती खरीदकर लाया। उसी से सरिता ने चाय बनाई। चाय का रंग नीला हो गया तो उसे फेंक दिया। दूसरी बार फिर उसी दुकान से एक रुपये वाली चाय की पत्ती मंगवाई। चाय बनाई तो फिर रंग नीला हो गया।
वह खुद पीने के साथ परिजनों को भी चाय पिला दिया। इससे प्रांजल, श्रद्धा (5) पुत्री आरके यादव, सरिता (30) पत्नी सुनील व सुशीला (50) पत्नी राम लखन को उल्टी होनी शुरू हो गई। इससे परिजन परेशान हो गए। एक साथ सभी को जिला अस्पताल लेकर पहुंच गये। गंभीर हालत देखकर चिकित्सकों ने भर्ती करके इलाज करना शुरू कर दिया। अब इनकी हालत संतोष जनक बताई जा रही है।