नवाबगंज थाना क्षेत्र के लवाना में सर्राफ बालजी सोनी की गोली मारकर हत्या करने के बाद जेवरात से भरा बैग लूटने की घटना के विरोध में गुरुवार व्यापारी सड़क पर उतर गए। दुकानें बंद कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। बवाल की आशंका को देखते हुए कई थानों की पुलिस बुला ली गई। सीओ कुंडा के आश्वासन पर तीन घंटे बाद जाम समाप्त हुआ। उधर, मृतक के बेटे की तहरीर पर पुलिस ने डकैती का मुकदमा दर्ज किया है।
नवाबगंज थाना क्षेत्र के शेखपुर धना निवासी बालजी सोनी की बुधवार की रात दुकान बंद कर घर जाते समय बाइक सवार छह बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। जेवरात से भरा बैग छीनकर बदमाश भाग निकले थे। गुरुवार की सुबह शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजन व व्यापारी घर लौटे। घटना से आक्रोशित लवाना व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने शव मानिकपुर-सलवन मार्ग पर रखकर जाम लगा दिया। व्यापारी सुबह से ही विरोध में अपनी दुकानें बंद कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे। नवाबगंज पुलिस के साथ ही आसपास के थानों की पुलिस भी साथ में डटी थी। सीओ कुंडा असित श्रीवास्तव लोगों को बराबर समझाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन कोई उनकी बात सुनने को राजी नहीं था।
बाद में बड़े व्यापारियों के साथ ही प्रमुख कालाकांकर बीएन सिंह, जिला पंचायत सदस्य अनिल पटेल और प्रभात यादव के हस्तक्षेप पर लोगों ने पुलिस को 72 घंटे के भीतर बदमाशों की गिरफ्तारी का मौका दिया। सीओ ने सभी को भरोसा दिया कि हर हाल में बदमाशों को गिरफ्तार किया जाएगा। तब जाकर लोगों ने जाम समाप्त किया और आवागमन बहाल हो सका। दोपहर बाद शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। तब जाकर पुलिस ने राहत की सांस ली। इस मामले में मृतक के बेटे अंगद सोनी की तहरीर पर पुलिस ने छह बदमाशों के खिलाफ हत्या व डकैती का मुकदमा दर्ज किया है। जेवरात की बाबत परिवार के लोग अब भी कुछ बताने की स्थिति में नहीं दिखे।