जिले की सड़कों के गड्ढों को पाटने के लिए लोक निर्माण विभाग के तीनों खंडों को 529.34 करोड़ रुपये का बजट मिला था। अधिकांश सड़कों के गड्ढे पाटने के लिए पैचिंग ही नहीं की गई और रुपये का भुगतान कर लिया गया है। डीएम के आदेश पर सड़कों की हुई जांच में इसका खुलासा हुआ है। सभी सड़कों की जांच रिपोर्ट तो अभी नहीं आई है, मगर 19 अधिकारियों ने अपनी जो रिपोर्ट दी है, उसमें अधिकांश सड़कों की पैचिंग ही नहीं हुई है। जबकि कुछ सड़कों पर जांच के डर से आननफानन में पैचिंग कराई जा रही है।
सड़कों का निर्माण और अनुरक्षण की जिम्मेदारी लोक निर्माण के तीन खंडों को सौंपी गई है। प्रांतीय खंड, लोक निर्माण खंड एक, लोक निर्माण विभाग खंड दो ने बरसात के बाद सड़कों पर बने गड्ढे पाटने के लिए जिले की 136 सड़कों को चिह्नित किया था। शासन ने इन गड्ढों को पाटने के लिए 529.34 करोड़ रुपये जारी किए गए थे। आलम यह रहा कि सड़कों की हालत तो पहले जैसी ही बदहाल है मगर रुपये निकालकर बंदरबांट कर लिया गया।
नोडल अधिकारी के निर्देश पर डीएम ने सड़कों की जांच के लिए जनपद स्तरीय अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी थी। सड़क देखने पहुंचे अधिकारियों ने जो रिपोर्ट दी है, उससे जिले के अफसर हैरत में हैं। अधिकांश सड़कों पर बिना पैचिंग कराए ही भुगतान कर लिया गया है। कुछ सड़कों की पैचिंग का काम जांच टीम गठित होने के बाद शुरू हुआ है।
जांच रिपोर्ट में इन सड़कों की नहीं हुई है पैचिंग
0 लखनऊ-प्रयागराज मार्ग से मियां का पुरवा
0 लालगोपालगंज-बेधनगोपालपुर मार्ग
0 बेधनगोपालपुर-बेधनडीह मार्ग
0 सिलावट संपर्क मार्ग-लाली का बाग संपर्क मार्ग
0 भाव-भटपुरवा संपर्क मार्ग
0 पाराहमीदपुर -मंगापुर संपर्क मार्ग
0 सदर में महुआर संपर्क मार्ग
0 सुवंसा मडुआडीह-काका संपर्क मार्ग
0 गौसपूरेबदल-कोठरा यादव बस्ती संपर्क मार्ग
0 मदाफरपुर, धरौली मार्ग से बकुलाही संपर्क मार्ग
0 मंगरौरा में घोरकटा संपर्क मार्ग
0 पट्टी में दरछुट संपर्क मार्ग
0 कटरागुलाबसिंह-नंदा का पुरवा संपर्क मार्ग
गाज गिरने के डर से पैचिंग शुरू
सदर विकास क्षेत्र के प्रभउतामऊ संपर्क मार्ग, कोट का पुरवा संपर्क मार्ग और दुलई का पुरवा संपर्क मार्ग पर पैचिंग का कार्य कराया जा रहा है। इन सड़कों की जांच का आदेश होने के बाद पैचिंग का कार्य प्रारंभ किया गया है। जबकि विभाग ने फरवरी माह तक पैचिंग पर रोक लगा रखी है।
सड़कों की जांच रिपोर्ट अभी पूरी नहीं हुई है, कुछ अधिकारियों ने अभी तक रिपोर्ट नहीं दी है। जांच रिपोर्ट को संकलित करके डीएम के सामने रखा जाएगा। उसके बाद ही कार्रवाई पर अंतिम फैसला होगा।
राजेश कुमार सिंह, डीएसटीओ।