जिला अस्पताल में दम तोड़ने वाले टैक्सी चालक की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। बुधवार शाम इसकी जानकारी होने के बाद हड़कंप मच गया। आननफानन में स्वास्थ्य विभाग ने उसके परिजनों को अस्पताल बुला लिया।
पांच दिन पहले वह अपने भाई व साथी के साथ कार से घर आया था। सोमवार को सांस लेने में दिक्कत होने के कारण उसे जिला अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया था। जहां उसकी मंगलवार को मौत हो गई। जिले में कोरोना से यह पहली मौत है।
अंतू थाना क्षेत्र के पूरे तिलोई निवासी 50 वर्षीय मुंबई के घाटकोपर ईस्ट में रहकर टैक्सी चलाता था। लॉकडाउन के चलते वह अपने भाई व एक मित्र के साथ मुंबई से कार से घर के लिए निकला। 9 मई को घर पहुंचने से पहले उसने सुखपालनगर में थर्मल स्क्रीनिंग कराई। वहां से सभी अपने घर पहुंच गए। 11 मई की सुबह को सांस लेने में दिक्कत होने लगी।
परिजनों ने उसे उपचार के लिए ले जाने के लिए एंबुलेंस मंगाई। करीब तीन बजे एंबुलेंस से उसे जिला अस्पताल के इमरजेंसी में लाया गया। यहां से उसे आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कर उपचार शुरू किया गया। 24 घंटे बाद उसकी आइसोलेशन वार्ड में मौत हो गई। जिससे हड़कंप मच गया। आननफानन में उसके शव को प्लास्टिक के बैग में सीलकर कोरोना का सैंपल जांच के लिए एसआरएन भेजा गया।
परिजन रोते-बिलखते घर लौट गए। बुधवार की शाम उसकी जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई। जिसके बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। इस खबर के बाद जिले में सनसनी फैल गई। सूचना मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने परिजनों को अस्पताल बुला लिया।
यहां प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों के बीच शव का अंतिम संस्कार करने को लेकर तैयारी की जाती रही। सीएमओ डा. अरविंद श्रीवास्तव ने बताया कि मृतक की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। ऐसे में शासन की गाइडलाइन के मुताबिक अंतिम संस्कार किया जाएगा।
डीएम के फोन करने के बाद भेजी गई थी एंबुलेंस
अंतू थाना क्षेत्र के पूरे तिलोई गांव निवासी टैक्सी चालक को सांस में तकलीफ होने और हालत बिगड़ने पर परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग के अफसरों को फोन लगाया, लेकिन एंबुलेंस नहीं भेजी गई। घरवालों का आरोप है कि कई बार फोन करने के बाद भी कोई रिस्पांस नहीं मिला। इस पर लोगों ने डीएम डा. रूपेश कुमार को खबर दी। जिलाधिकारी के फोन करने के बाद एंबुलेंस भेजकर पीड़ित को जिला अस्पताल लाया गया।