Children and elderly under ten years will have corona examination
महामारी कोरोना वायरस पर काबू पाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने नया कदमा उठाया है। अब दस साल से कम उम्र के बच्चों और बुजुर्गों की अभियान चलाकर जांच की जाएगी। इसकी जिम्मेदारी सीएचसी और एडिशनल पीएचसी के एलटी को दी गई है। प्रतिदिन एक हजार जांच करने के लिए सीएमओ ने निर्देश दिया है।
डीएम कैंप कार्यालय पर एलटी के साथ हुए बैठक में महामारी कोराना वायरस पर काबू पाने के लिए नई रणनीति तैयार की गई। इसमें ज्यादा से ज्यादा टेस्ट करने पर सहमति बनी। इस दौरान पांच से दस साल की उम्र के बच्चों और 60 की उम्र पार कर चुके बुजुर्गों का रैपिड किट से कोरोना जांच करने के लिए डीएम डॉक्टर रुपेश कुमार ने आदेश दिया।
इस पर सीएमओ डा. एके श्रीवास्तव ने सभी एलटी को एक दिन के भीतर एक हजार लोगों की किट से जांच करने का निर्देश दिया है। इसमें बालक, किशोर और बुजुर्ग के साथ सभी गर्भवती महिलाओं का भी जांच करने का आदेश है। सीएमओ ने बताया कि यदि एक ज्यादा से ज्यादा संख्या में कोरोना की जांच होगी तो मरीजों के बारे में पता चल जाएगा। इससे कोरोना पर काबू पाया जा सकता है। मरीजों को परिवार से दूर रखकर उन्हें स्वस्थ्य किया जा सकता है। इसके अलावा शुगर, ब्लड प्रेशर के साथ ह्दय और दमा रोगियों की तलाश कर उनकी भी जांच की जाएगी।