महाराष्ट्र के भिवंडी से चले तब्लीगी जमात से जुड़े कोरोना पीड़ित दिल्ली में रुकने के बाद नई दिल्ली-सिलचर एक्सप्रेस से आए थे। प्रयागराज में ट्रेन से उतरने के बाद 13 जमाती डेरवा पहुंचे। यहां सभी जमाती पहले बाजार स्थित मस्जिद में रुकने जा रहे थे, लेकिन जानकारी होने पर ग्रामीणों ने विरोध कर दिया। इसके बाद वे बाजार के एक सेठ के मुसाफिरखाने में रुके। करीब 12 दिन तक सभी यहीं रहे। ग्रामीणों के सूचना देने के बाद पुलिस जांच करने पहुंची। इसके बाद सभी लोगों को बाजार के प्राथमिक विद्यालय में क्वारंटीन कराया गया।
डेरवा बाजार में मिले 13 जमातियों में से तीन के कोराना पीड़ित मिलने के बाद जिले में हड़कंप मच गया है। सभी ने पुलिस की जांच के दौरान अपना यात्रा इतिहास छिपाया था। अफसरों की पूछताछ के दौरान महाराष्ट्र के भिवंडी से आने और निजामुद्दीन मरकज नहीं आने की जानकारी दी थी। तीनों कोरोना पीड़ितों की काल डिटेल खंगालने के बाद अब पुलिस ने सभी जमातियों के साथ उन्हें आश्रय देने के मामले में छह अज्ञात लोगों के खिलाफ भी केस दर्ज कर लिया है। पुलिस की जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि डेरवा में रुके 13 जमाती 17 मार्च को महाराष्ट्र के भिवंडी से चले थे। संपर्क क्रांति एक्सप्रेस से 18 को सभी दिल्ली पहुंचे। 18 को सभी दिल्ली में ही रुक गए। काल डिटेल निकालने पर 18 और 19 को सभी की लोकेशन दिल्ली के निजामुद्दीन में मिली है। 19 मार्च को सभी नई दिल्ली-सिलचर एक्सप्रेस से प्रयागराज के लिए रवाना हुए। स्लीपर क्लास में सभी का रिजर्वेशन था। 20 मार्च को प्रयागराज में ट्रेन से उतरने के बाद सभी लोग मैजिक बुक कर डेरवा आ गए। यहां सभी बाजार स्थित मस्जिद में रुकने जा रहे थे। इसकी जानकारी होने के बाद ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया। इस पर सभी बाजार के ही एक सेठ के मुसाफिरखाने में ठहर गए और 12 दिन तक वहीं रुके रहे। सीओ सदर तनु उपाध्याय ने बताया कि जमात के लोग अभी भी सही जानकारी नहीं दे रहे हैं। वह तथ्य और यात्रा इतिहास छिपा रहे हैं। जांच की जा रही है।
रेलवे को भी किया गया अलर्ट
कोराना पीड़ित तीनों जमाती नई दिल्ली-सिलचर एक्सप्रेस से आए थे। स्लीपर के एस-5 कोच में उनका आरक्षण था। ऐसे में कोच में सवार अन्य यात्रियों के भी इनके संपर्क में आने की आशंका जताई जा रही है। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी दिनेश द्विवेदी ने बताया कि जमातियों के कोच के बारे में जानकारी होने के बाद रेलवे को भी अलर्ट कर दिया गया है। कोच में रहे यात्रियों की जांच कराने के लिए कहा गया है।
डेरवा बाजार में 15 लोग आए थे संपर्क में
डेरवा बाजार में कोरोना पीड़ित मिले तीन जमातियों के संपर्क में 15 लोग आए थे। अभी संपर्क में आने वाले और लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। डीएम डा. रुपेश कुमार ने बताया कि जांच के दौरान यह सामने आया है कि बाजार के कुछ लोग ही मुसाफिरखाने में रुके जमातियों को भोजन आदि की भी व्यवस्था कर रहे थे। तीनों पीड़ितों के संपर्क में आने वाले एक-एक व्यक्ति के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। जो भी इनके संपर्क में आया होगा, सभी की जांच कराई जाएगी। सैंपल लेकर पीजीआई भेजा जाएगा। मेडिकल, राजस्व और पुलिस की टीम घर-घर जाकर लोगों की थर्मल स्क्रीनिंग कर रही हैं।