सप्ताह भर की राहत के बाद जिले में फिर कोरोना बेकाबू होने लगा है। बृहस्पतिवार को चौबीस घंटे के भीतर बैंक मैनेजर समेत चालीस लोग संक्रमित मिले। जिले में अब संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3925 पहुंच गई है।
अंतू के बाबूगंज स्थित बैँक के प्रबंधक की रिपोर्ट पाजिटिव आई है। कुंडा कोतवाली में निजी वाहन चालक भी संक्रमित मिला है। जिले में सप्ताह भर से बहुत कम मरीज मिल रहे थे। कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या घटकर 18 तक पहुंच गई थी, लेकिन बृहस्पतिवार को फिर 40 मरीज मिलने से स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा है।
शहर में भी छह लोग संक्रमित मिले हैं। उधर, स्वास्थ्य विभाग अब न तो मरीजों का विस्तृत विवरण रखता है न ही उनकी ठीक से देखरेख हो रही है। यह लापरवाही भारी पड़ रही है। उधर, सबकुछ खुल जाने के बाद लोग भी लापरवाह हो गए हैं। बाजारों में लोग बिना मॉस्क के घूम रहे हैं। चाय-पान की दुकानों पर भीड़ उमड़ रही है। कहीं भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं हो रहा है। सीएमओ डा. अरविंद श्रीवास्तव ने बताया कि जिले में संक्रमित 3925 मरीजों में 3567 लोग स्वस्थ हो चुके हैं।
चेकिंग करना भूल गई पुलिस
महामारी पर काबू पाने के लिए प्रदेश सरकार ने मॉस्क लगाना अनिवार्य कर दिया है। बगैर मॉस्क घर से निकलने पर जुर्माना और चालान काटने के लिए पुलिस अफसरों को आदेश दिया है, लेकिन पुलिस अब पूरी तरह लापरवाह बन गई है। बिना मॉस्क के घूम रहे लोगों को रोका तक नहीं जा रहा है। सरकारी और प्राइवेट कार्यालयों में भी लोग बिना मॉस्क के काम कर रहे हैं।
कोरोना संक्रमित लोगों को छह माह तक रहना होगा सावधान
कोरोना संक्रमित लोगों को छह माह तक सावधानी बरतने की जरूरत है। संक्रमण की चपेट में आने के बाद पीड़ित व्यक्ति के फेफड़े और किडनी में दिक्कत आती है। जिसकी भरपाई में छह माह लग जाते हैं।
सीएमओ डॉक्टर एके श्रीवास्तव ने बताया कि महामारी कोरोना की चपेट में जो लोग आ रहे हैं उन्हें छह माह तक सावधान रहने की जरूरत है।
एक बार संक्रमित होने के बाद मरीज के फेफड़े और किडनी में इंफेक्शन हो जाता है। कमजोरी महसूस होने लगती है। शरीर में ब्लड सर्कुलेशन भी प्रभावित होता है। इससे हर्ट बीप कभी तेज तो कभी बहुत कम हो जाती है। इन समस्याओं को दूर होने में कम से कम छह माह का समय लग जाता है।
इस दौरान लापरवाही बरतने वाले लोगों की जान पर भी खतरा बना रहता है। सीएमओ ने बताया कि संक्रमण की चपेट में आने के बाद अपनी प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का प्रयास करना चाहिए। गुटका, दारू, धूल, गर्दा और धुआं से बचना चाहिए। कोरोना संक्रमित हो चुके लोग आयरन की गोलियों के साथ हरी सब्जियां और दाल के साथ खाने में सलाद का सेवन नियमित रूप से करें।
छह माह तक स्वास्थ्य विभाग रखेगा ध्यान
कोरोना संक्रमित हो चुके मरीजों पर छह माह तक स्वास्थ्य विभाग नजर रखेगा। मरीज को यदि किसी प्रकार की दिक्कत होती है तो लक्षण के मुताबिक इलाज शुरू कर दिया जाएगा। जिससे किसी की जान न जाने पाए।