मृत अधिवक्ता जवाहर लाल मिश्र के परिजनों को आश्वासन के बावजूद मदद नहीं मिलने से नाराज अधिवक्ताओं ने बुधवार को कचहरी और तहसील में तालाबंदी कर न्यायिक कार्य का विरोध किया। अधिवक्ताओं ने चेताया है कि जब तक जिला प्रशासन की ओर से दिया गया आश्वासन पूरा नहीं होता है तब तक आन्दोलन जारी रहेगा। इधर कचहरी और तहसील में पूरी तरह बंदी सफल रहने से दूर-दूर आए फरियादियों को वापस लौटना पड़ा।
15 मार्च को अधिवक्ता जवाहरलाल मिश्र की दिनदहाड़े हुई हत्या के बाद से वकीलों की हड़ताल चल रही है। बुधवार को अधिवक्ताओं का आक्रोश फूट पड़ा। कचहरी और सदर तहसील में तालाबंदी करने के साथ ही कचहरी परिसर में जुलूस निकालकर वकीलों ने एकता का प्रदर्शन किया। अधिवक्ताओं ने नारेबाजी कर कोर्ट और कार्यालयों को बंद कराते हुए चेताया कि जिला प्रशासन ने मृत अधिवक्ता के लिए जो छह आश्वासन दिए हैं, उसे अविलंब पूरा किया जाए। अधिवक्ता संघर्ष समिति के अध्यक्ष भूपेंद्र शुक्ल ने बताया कि 29 मार्च को डीएम डा. आदर्श सिंह ने अपने आवास पर अधिवक्ताओं को आश्वासन दिया था कि पांच अप्रैल तक सभी मांगें पूरी कर दी जाएंगी। उन्होेंने कहा कि अब आश्वासन से काम चलने वाला नहीं है, जब तक मांग पूरी नहीं होती है, तब तक आन्दोलन जारी रहेगा।