बोर्ड परीक्षा में नकल माफियाओं के खिलाफ ही शिंकजा नहीं कसा जाएगा। कार्रवाई की जद में वह भी आएंगे जो परीक्षा केंद्र के इर्द-गिर्द लाउडस्पीकर का इस्तेमाल करेंगे। विभाग की ओर से बोर्ड परीक्षा के दौरान ध्वनि विस्तारक यंत्र के इस्तेमाल की सख्त मनाही है। इसके लिए सभी परीक्षा केंद्र व्यवस्थापकों को निर्देश दिया गया।
बोर्ड परीक्षा में महज गिनतीभर के दिन शेष रह गए हैं। परीक्षा की शुरुआत 6 फरवरी से हो रही है। विभाग की ओर इसकी तैयारी जोर-शोर से की जा रही है। परीक्षा केंद्रों पर नकलमाफियाओं पर नकेल कसने के लिए पूरी तैयारी है। जिले मेें बोर्ड परीक्षा को संपादित कराने के लिए इस बार 218 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। जिले में 50 परीक्षा केंद्र ऐसे हैं जिन्हें संवेदनशील की श्रेणी में रखा गया है। यहां एसटीएफ की तैनाती की है।
यह प्रयास महज नकलमाफियों पर शिकंजा कसने भर तक ही सीमित नहीं है। अलबत्ता परीक्षा केंद्रों पर शांति व्यवस्था बनाए रखने की भी तैयारी है। दरअसल 218 परीक्षा केंद्रों में करीब 200 परीक्षा केंद्र ऐसे हैं जो गांवों से जुड़े हुए हैं। गांवों में अक्सर धार्मिक कार्यक्रम, शादी समारोह, राजनैतिक समारोह होते रहते हैं। जिसमें ध्वनि विस्तारक यंत्र का खूब इस्तेमाल होता है। आवाज तेज कर आयोजक मंडल द्वारा खूब धमाल किया जाता है।
विभागीय अधिकारियों का मनाना है कि परीक्षा के दौरान ध्वनि विस्तारक यंत्रों के इस्तेमाल से शांति व्यवस्था में दखल होती है, जिससे परीक्षार्थियों का ध्यान एकाग्र नहीं हो पाता है। बोर्ड परीक्षा के दौरान केंद्रों पर शांति व्यवस्था बनी रहे और परीक्षार्थियों का ध्यान एकाग्र रहे। इसे लेकर विभागीय अधिकारियों ने केंद्र व्यवस्थापकों को निर्देश दिया है कि यदि परीक्षा के दौरान केंद्र के इर्द-गिर्द ध्वानि विस्तारक यंत्र का इस्तेमाल हो तो वह तत्काल इसकी सूचना दें। इसके बाद संबंधित थाने से कार्रवाई कराई जाएगी।