जाम ही जाम ! त्राहिमाम
नवरात्र की भीड़ से चरमराई ट्रैफिक व्यवस्था, गोड़े से जोगापुर पांच किमी तक तक हाईवे पर सात घंटे रेंगते रहे वाहन
चौक-कचहरी और भंगवाचुंगी मार्ग पर जाम में फंसी रही मरीजों को अस्पताल पहुंचाने वाली एंबुलेंस
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। सोमवार को नवरात्र पर भक्तों की भीड़ से शहर की यातायात व्यवस्था चरमरा उठी। हाईवे के साथ शहर की सड़कों पर सात घंटे जाम से लोग कराह उठे। हालत यह रही कि भीड़ के चलते वाहन रेंगते नजर आए। हर मार्ग पर पैदल चलने वाले राहगीरों को भी दिक्कत हुई। यहां तक कि मरीजों को लेकर अस्पताल जा रही एंबुलेंस का हूटर भी रास्ता साफ नहीं करा सका। यातायात व्यवस्था में लगे पुलिसकर्मी भी जाम की समस्या दूर करने में नाकाम नजर आए।
शहर में सोमवार की सुबह से ही जाम की समस्या से लोग बेहाल होते दिखे। नवरात्र पर भक्तों की भारी भीड़ बेल्हा देवी मंदिर दर्शन पूजन करने के लिए आ गई। सई नदी पुल से लेकर सदर बाजार तक वाहन खड़े थे। इसके अलावा शनिवार व रविवार को अवकाश के चलते बैंक, बाजार खरीदारी करने वाले लोगों की भीड़ भी शहर पहुंची। शहर आने वाले लोगों को दिन भर जाम की समस्या से दो चार होना पड़ा। इस दौरान भले ही यातायात व्यवस्था संभालने के लिए ट्रैफिक पुलिस लगी थी। लेकिन जाम की समस्या दूर करने में असफल रहे। इलाहाबाद-फैजाबाद राजमार्ग पर गोंड़े से लेकर जोगापुर तक छोटे व बड़े वाहन रेंगते रहे। सई नदी पुल, सदर बाजार चौराहा, चौक घंटाघर, बाबागंज, भंगवा चुंगी पर देखने को मिला। चौक से कचहरी जाने वाले मार्ग पर श्रीराम तिराहा, राजापाल चौराहा, पुलिस लाइन और अंबेडकर चौराहे तक वाहनों की कतार लगी नजर आई। भंगवाचुंगी से कचहरी आने वाले मार्ग पर कोषागार चौराहा, लोहिया चौराहा, गाजी तिराहा, बलीपुर में जाम में लोग पिसते नजर आए। सबसे अधिक पैदल गुजरने वाले राहगीरों को समस्या का सामना करना पड़ा। जाम में मरीजों को अस्पताल लेकर आने वाली एंबुलेंस भी फंसी। एंबुलेंस पास लेने के लिए हूटर बजाती रहीं, लेकिन आगे खड़े वाहन रास्ता खाली करने को तैयार नहीं थे। बेल्हा देवी मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ परिसर के भीतर से लेकर बाहर तक दिखाई पड़ी। उनके वाहन सई नदी पुल से लेकर सदर बाजार वाली रोड पर खड़े थे। जिसके चलते जाम की समस्या शाम तक बनी रही।
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चौराहों को खाली नहीं करा सकी ट्रैफिक पुलिस
शहर में यातायात व्यवस्था संभालने के लिए यातायात पुलिस की तैनाती की जाती है। पुलिसकर्मियों की कमी को देखते हुए मदद के लिए होमगार्ड लगाए जाते हैं। सोमवार की सुबह से लगे जाम की समस्या से लोगों को निजात दिलाना तो दूर ड्यूटी पर लगे होमगार्ड अपने चौराहे तक को खाली नहीं कर सके। राजापाल चौराहा, पुलिस लाइन तिराहा, श्रीराम तिराहा, चौक घंटाघर, भंगवा चुंगी, सदर बाजार, चिलबिला तिराहे पर समस्या बनी रही।
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पुलिस ने कसा किनारा
शहर में जाम की समस्या को दूर करने के लिए भले ही यातायात पुलिस पसीना बहाती रही। लेकिन कोतवाली पुलिस ने जाम हटवाने से किनारा कस लिया। चौकी से लेकर तहसील के सामने लगे जाम को हटाने में दिलचस्पी नहीं ली। केवल वाहनों का हूटर बजाते हुए पुलिसकर्मी आगे बढ़ते नजर आए।
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गलियों में भागे, फिर भी नहीं मिली राहत
शहर में जाम की समस्या को देखते हुए छोटे वाहन चालक और बाइक सवार शार्ट कट रास्ता अपनाने के लिए मोहल्ले की गलियों की ओर भागे लेकिन उन्हें राहत नहीं मिल सकी। जाम से बचने के लिए दूसरे लोग भी गलियों में पहुंच गए थे। जिससे गलियों में भी जाम लगा रहा। टक्करगंज, पल्टन बाजार, बलीपुर, विवेकनगर, सब्जी मंडी, जेल रोड, बेगमवार्ड की ओर से जाने वाले शार्टकट रास्ते पर भी वाहनों की भीड़ के चलते जाम लगा रहा।
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सिपाही नेे ई रिक्शा चालक पर उतारा गुस्सा
नवरात्र व दो दिनों के अवकाश के बाद सोमवार को शहर में अचानक भीड़ पहुंच गई। सड़कों पर वाहनों का भार अलग से। जाम की समस्या से जूझ रहा हर कोई एक दूसरे पर आग बबूला होता नजर आया। तहसील के पीछे से होते हुए बाबागंज की ओर निकलने वाले रास्ते से बाइक सवार सिपाही गुजरने लगे। उनकी राह में एक ईरिक्शा चालक बाधक बन रहा था। यह देख सिपाही ने चालक पर गुस्सा उतारना शुरू कर दिया। हालांकि दूसरे राहगीरों के विरोध पर सिपाही को रास्ता बदलकर जाना पड़ा।
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बैंक-पेट्रोल पंपों की जांच को पहुंचे एसपी
प्रतापगढ़/ कोहड़ौर। दो दिन के अवकाश के बाद घटनाओं को रोकने के लिए सोमवार की सुबह से ही पुलिस एक्टिव रही। पुलिस अधीक्षक देवरंजन वर्मा ने मातहतों को निर्देश दिया कि बैंक और पेट्रोल पंपों पर विशेष निगाह रखी जाए। मातहतों की गतिविधियों की जानकारी लेने के लिए पुलिस अधीक्षक देवरंजन वर्मा खुद निकले। शहर के बैंकों और पेट्रोल पंपों पर पहुंचकर जायजा लिया। सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी ली। सभी को आवश्यक सुझाव भी दिया। बैंक या पेट्रोल पंप के पास खड़े लोगों की सघन जांच पड़ताल भी की। एसपी के निकलने की खबर मिलते ही पुलिस भी भागदौड़ करने लगी। एसपी ने पेट्रोल पंप संचालकों को सुझाव दिया कि यदि अधिक कैश बैंक में जमा करना हो तो पुलिस को सूचित कर दें। कोहड़ौर थाना क्षेत्र में भी एसपी ने जायजा लिया।