प्रतापगढ़। शुक्रवार को दिनभर ठंड का कहर जारी रहा। स्वेटर-जैकेट पहनने के बाद भी लोग कांपते रहे। सुबह जलाया गया अलाव दिनभर धधकता रहा। दोपहर बाद धूप निकली, मगर ठंड से राहत नहीं दे सकी। मौसम विभाग के अनुसार अधिकतम तापमान 14.4 व न्यूनतम 6.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
शुक्रवार को सुबह की शुरुआत भीषण कोहरे से हुई। ठंड इतनी अधिक थी कि लोगों का बाहर निकलना दूभर हो रहा था। पश्चिमी हवाओं से लोग कांप रहे थे। लोग अलाव के सहारे बैठे रहे। दोपहर 12 बजे भगवान भास्कर ने आंखें खोलीं और धूप निकली, लेकिन लोगों को इससे कोई राहत नहीं मिल सकी। लोग ठंड से ठिठुरते दिखे। ऐसे में लोग धूप लेने के बजाए अलाव के पास ही बैठे नजर आए। शहर के बाबागंज, भंगवाचुंगी, अंबेडकर चौराहा, पंजाबी मार्केट, सदर बाजार सहित प्रमुख बाजारों में दिनभर अलाव धधकते रहे। बाजारों मे धूप निकलने के बाद भी चहल-पहल नहीं रही। कमोबेश यही हाल अंचल के रानीगंज, पट्टी, लालगंज, कुंडा, सदर के ग्रामीण इलाकों में भी रहा। मौसम वैज्ञानिक देशराज मीना ने बताया कि पश्चिमी हवाओं का प्रभाव जारी है। जिससे ठंड में तेजी से इजाफा हो रहा है। आगे और ठंड बढने का अनुमान है।
ठंड की चपेट में आकर महिला समेत दो लोगों की मौत हो गई। विकास खंड गौरा के बेहदौल खुर्द निवासी सुनील दूबे (42) पुत्र कैलाशनाथ दूबे गुरुवार की शाम खेत देखने गया था। वहां से लौटकर घर आया तो ठंड से कांपने लगा। परिवारीजन उसे अस्पताल ले जाने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन तब तक उसकी मौत हो गई। वहीं क्षेत्र के रामापुर गांव निवासी चंद्रावती (55) पत्नी भोलानाथ गुरुवार को शौच के लिए खेत की तरफ गई थी। वहां से लौटकर घर आई तो उसकी अचानक तबियत खराब हो गई। देखते ही देखते उसकी सांसें थम गईं। घटना को लेकर परिजनों में कोहराम मच गया।