टाइगर रिजर्व के तालाबों से वन्यजीवों को अब हर मौसम में पानी मिलेगा। इसके लिए तालाबों के किनारे सोलर पंप लगाए जा रहे हैं। अब तक चार तालाबों पर सोलर पंप लगाए जा चुके हैं, जबकि दो पंप और लगाने की योजना है।
बारिश कम होने अथवा बारिश का मौसम समाप्त होने के बाद मैदानों के साथ टाइगर रिजर्व के अंदर बने तालाब भी सूख जाते हैं। इससे वन्यजीवों को पानी के लिए परेशान होना पड़ता है। टाइगर रिजर्व बनने के बाद से ही वन्यजीवों के संरक्षण के लिए ग्रास मैनेजमेंट के साथ ही हर मौसम में पानी उपलब्ध कराने की कवायद भी की जा रही है। इसके लिए जंगल में तालाबों का निर्माण कराया गया है। अब इन तालाबों में पानी उपलब्ध कराने के लिए सोलरपंप लगाए जा रहे हैं। बराही और महोफ रेंज में बने चार तालाबों क्रमश: भीमताल, चूका, बडेला और धमेला तालाब में सोलरपंप लग चुके हैं और इनसे तालाबों को पानी भी मिलने लगा है। वहीं दो सोलरपंप और लगाए जाने हैं जिनका कार्य बजट मिलने पर शुरू होगा। सोलरपंप लगने के बाद से वन्यजीवों को आसानी से पानी उपलब्ध हो जाएगा।
टाइगर रिजर्व के तालाबों को पानी उपलब्ध कराने के लिए चार सोलरपंप लगाए गए हैं और उनसे पानी मिलने लगा है। जल्द ही दो और पंप लगाने की तैयारी है।
- कैलाश प्रकाश, डीएफओ टाइगर रिजर्व