पीलीभीत। चंदोई से सटे इलाके में दो दिन पूर्व बाघ की चहलकदमी के चलते क्षेत्रवासियों में तीसरे दिन भी दहशत दिखी। हालांकि गुरुवार को क्षेत्रीय वनकर्मी मौके पर पहुंचे, लेकिन उन्हें कोई पग मार्क नहीं मिले। वन्यजीव प्रभाग के डीएफओ संजीव कुमार ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।
शहर से सटे चंदोई गांव में 26 नवंबर को बाघ की चहलकदमी के संकेत मिले थे। कांग्रेसी नेता जकी उस दिन अपने देवहा नदी के किनारे फार्म हाउस में थे। जहां खेत में पानी लगाया जा रहा था। उनके मुताबिक उन्होंने पास के ही एक गन्ने के खेत में बाकायदा बाघ की दहाड़ भी सुनी। खेतों में काम कर रहे लोगों में हड़कंप मच गया। कुछ देर बाद जाकर लोगों ने खेत में देखा तो बाघ के ताजा पगचिह्न मिले थे। बाघ होने की सूचना वन विभाग को दी गई थी। इधर बृहस्पतिवार को फारेस्ट गार्ड अंकित कुमार, तेजपाल आदि मौके पर पहुंचे। उन्होंने पगचिह्न की तलाश की लेकिन उन्हें कोई पगचिह्न नहीं मिले। फिलहाल चंदोई क्षेत्र में बाघ की दहशत बरकरार है। लोगबाग हिम्मत जुटाकर खेतों में सिंचाई आदि करने पहुंच रहे हैं।
चंदोई क्षेत्र में गुरुवार को क्षेत्रीय कर्मचारियों को भेजा गया था, लेकिन दोनों दिन वहां कोई बाघ के पगचिह्न नहीं मिले हैं। फिलहाल लोग सतर्क रहें।
संजीव कुमार, डीएफओ, वन एवं वन्यजीव प्रभाग