हल्की बारिश के दौरान ग्राम पंचायत पिपरा मुजप्ता के गांव रानीगंज निवासी 66 वर्षीय किसान सीताराम की दीवार गिर गई। जिसके मलबे में दबकर उनकी मौत हो गई। परिवार के मुखिया की मौत पर परिवार वालों में कोहराम मच गया। मृतक के पुत्र देवेंद्र की सूचना पर पुलिस ने सीताराम के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा है। गांव में छह अन्य लोगों की दीवारें ढह गई हैं। एक दीवार के मलबे में दबकर गांव निवासी बाबूराम जख्मी हो गया।
शनिवार सुबह करीब सवा छह बजे सीताराम घर के बाहर पड़ी झोपड़ी में सो रहे थे। इसी बीच उसकी कच्ची दीवार भरभरा कर ढह गई तथा सीताराम उसी मलबे में दब गए। शोर-शराबा पर गांव के एकत्र हुए कई लोगों ने मलवा हटा किसी तरह सीताराम को बाहर निकाला लेकिन उनकी मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना सीताराम के छोटे पुत्र देवेंद्र ने पुलिस को दी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा है। घटना की सूचना पर राजस्व टीम ने गांव में पहुंचकर जांच की। सीताराम के पास करीब तीन बीघा कृषि भूमि है। उसके तीन पुत्रों में सबसे बड़ा पुत्र राधेश्याम चार-पांच दिन पहले मजदूरी करने गोंडा गया है। जबकि मझला पुत्र रामऔतार करीब ढाई माह पहले हरियाणा मजदूरी करने गया था। परिवार के मुखिया की मौत पर सीताराम के परिवार वालों में कोहराम मच गया। इसके अलावा पिछले 24 घंटे में गांव निवासी मैंकू लाल, छग्गा लाल, रघुवीर, संतोष, बाबूराम, कालीचरन की दीवार ढह गई। संतोष की दीवार के समीप खड़ा बाबूराम घायल हो गया। छग्गा की दीवार गिरने से उसके दो पालतू कुत्तों की दबकर मौत हो गई।