डेंगू को लेकर स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही बरतने व प्राइवेट अस्पतालों द्वारा जांच के नाम पर लूटखसोट का आरोप लगाते हुए व्यापारियों ने सीएमओ कार्यालय में जमकर हंगामा काटा। देरी से पहुंचे सीएमओ का घेराव किया और डेंगू को लेकर स्थिति स्पष्ट करने की बात कही। बाद में सीएमओ के कार्रवाई करने के आश्वासन के बाद व्यापारी शांत हुए।
उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के जिलाध्यक्ष अफरोज जिलानी के नेतृत्व में सोमवार सुबह साढ़े दस बजे तमाम व्यापारी सीएमओ कार्यालय पहुंचे। सीएमओ कार्यालय में कोई अधिकारी न मिलने पर व्यापारियों ने दूरभाष द्वारा डीएम को जानकारी दी। इंतजार के बाद व्यापारियों ने कार्यालय की सीढ़ियों पर बैठकर सीएमओ के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सीएमओ के न आने पर व्यापारी डीएम से मिलने चले ही थे कि इस बीच सीएमओ डॉ. ओपी सिंह आ गए। सीएमओ की कार को आता देख व्यापारी आक्रोशित हो उठे। सीएमओ के कार से बाहर निकलते ही व्यापारियों ने उन्हें घेर लिया और कार्यालय में देरी से आने का आरोप लगाते हुए हंगामा करना शुरू कर दिया। सीएमओ ने एक रिपोर्ट बनाने की वजह से देरी होने की बात कही। व्यापारियों का कहना था कि जिले में पिछले दो माह से डेंगू फैला हुआ है। प्राइवेट डाक्टरों द्वारा अधिकांश मरीजों में डेंगू होना बताया जा रहा है, जबकि स्वास्थ्य विभाग व जनप्रतिनिधि जिले में डेंगू न होने की बात कह रहे हैं। कहा कि प्राइवेट अस्पतालों में जांच व दवाओं के नाम पर लूटखसोट हो रही है। व्यापारियों का कहना था कि यदि डायग्नोसिस्ट सेंटर या पैथोलाजी गलत रिपोर्ट दे रहे हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। जांच व दवाओं के दाम निर्धारित किए जाने चाहिए। इस पर सीएमओ ने एक डायग्रोस्टिक सेंटर की जांच के बाद नोटिस भेजने की जानकारी दी और कार्रवाई करने का आश्वासन भी दिया। व्यापारियों ने डेंगू की रोकथाम को उपाय करने व शहर में सुबह शाम कीटनाशक दवा का छिड़काव कराने की मांग की और कार्रवाई न होने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी। इस मौके पर जिला महामंत्री पंकज अग्रवाल, नगराध्यक्ष अजय सूरी, जितेंद्र गुप्ता, सौरभ सक्सेना, निखिल जगोता, पंकज अग्रवाल, वजाहत शकील, रोहित सिंह, अमनदीप सिंह जौली, गौहर शम्सी, सतीश अरोड़ा, रमेशचंद्र आहूजा, अफसार कुरैशी, अनिल अरोड़ा, कमलजीत चावला, जुनेद, मुकेश राजानी, गौरव अग्रवाल आदि मौजूद रहे।
कर्मचारी व व्यापारी भिड़े
घेराव के दौरान सीएमओ कार्यालय के कुछ कर्मचारी भी मौके पर आ गए। सीएमओ को धूप में व्यापारियों द्वारा घिरा देख कर्मचारियों ने सीएमओ से कार्यालय के अंदर चलकर बात करने को कहा। इस पर व्यापारी बिफर पड़े। कर्मचारियों व व्यापारियों के बीच नोकझोंक शुरू हो गई, लेकिन कुछ देर बाद मामला शांत हो गया।
जिले में अभी तक मिले पांच डेंगू पीड़ित
सीएमओ डॉ. ओपी सिंह ने बताया कि जिले में विभाग द्वारा 305 सस्पेक्ट मरीजों का एलाइजा टेस्ट कराया गया है। जिसमें कुल पांच मरीज ही डेंगू पीड़ित मिले हैं। अब प्राइवेट डॉक्टरों द्वारा डेंगू पॉजेटिव कैसे दिखाया जा रहा है। इसको लेकर जांच की जा रही है।