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पंपिंग सेट से बाघ पी रहा था पानी... देखकर निकली चीख

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बीसलपुर के गांव जसाई नगर के खेत में मौजूद बाघ के पदचिह्न। - फोटो : PILIBHIT
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दियोरिया। क्षेत्र के दो स्थानों पर 24 घंटों में दो बार बाघ दिखाई देने से ग्रामीणों में दहशत फैल गई। सोमवार को खेत जा रही किसान की बेटी बाघ देखकर चीख पड़ी और भागकर घर वालों को बताया। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने पगमार्क ट्रेस करने के साथ ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की है।
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कोतवाली क्षेत्र के जंगल से सटे गांव मधवापुर निवासी रामबाबू पटेल ने बताया कि रविवार रात आठ बजे वह अपने खेत से बाइक से घर लौट रहे थे। रास्ते में मधवापुर और गांव बसईपुरैना के बीच उन्होंने बाइक की रोशनी में गन्ने के खेत में बाघ को जाते हुए देखा। बाघ देखते ही उनके होश फाख्ता हो गए। जैसे-तैसे वह अपने घर पहुंचे और इसकी जानकारी गांव वालों को दी। इधर, गांव जसाई नगर निवासी जसपाल सिंह ने बताया कि सोमवार दोपहर 12 बजे उनकी पुत्री लवप्रीत कौर खेत में पंपिंग सेट पर जा रही थी। पंपिंग सेट के पास पानी पीते बाघ को देखकर लवप्रीत कौर चीखकर भाग खड़ी हुई और अपने परिवारों को बाघ के बारे में बताया। परिवार वालों के शोर शराबा करने पर बाघ जंगल की ओर चला गया।
जसपाल सिंह की सूचना पर दियोरिया के रेेजर गिरीश चंद्र श्रीवास्तव और बीसलपुर के डिप्टी रेंजर अवनीश कुमार अपनी टीम लेकर मौके पर पहुंचे। टीमों ने खेत में बाघ के पैरों के निशान ट्रेस किए। उसके बाद बाघ होने की पुष्टि की। मौके पर काफी भीड़ लग गई। वन विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों को सतर्क रहने का सुझाव दिया है। दियोरिया के रेंजर गिरीशचंद्र ने बताया कि एक बाघ पिछले चार दिनों से दियोरिया के जंगल में घूम रहा है। वही बाघ निकलकर पड़ोस के गांवों में आ जाता है। बाघ पर लगातार निगरानी की जा रही है।
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रात भर जागकर ग्रामीण कर रहे निगरानी
मेरे झाले के पास बाघ के आ जाने के बाद हम लोग काफी भयभीत हैं। वन विभाग के अधिकारियों का ऐसा बंदोबस्त करना चाहिए, जिससे बाघ जंगल से बाहर न आ सके। - यशपाल सिंह, गांव जसाई नगर।
जंगल से सटे गांवों में बाघ का आना जाना होने से गांव के लोग काफी परेशान हैं। हम लोग रात भर जागकर बाघ की निगरानी कर रहे हैं। वन विभाग के अधिकारी, कर्मचारी आराम से सो रहे हैं। - सुनील सोनकर, मधवापुर।
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