बरेली के नवाबगंज थाना क्षेत्र में ट्रैक्टर खरीदने के लिए उधार दिए साढ़े चार लाख रुपये वापस मांगने पर अनुसूचित जाति के तांत्रिक का सिर और मूंछ मुंड़वाने के तीन आरोपियों को पुलिस ने सोमवार को कोर्ट में पेश किया। वहां से दो को जेल भेज दिया गया। तीसरे आरोपी गोधनलाल को जमानत पर रिहा कर दिया गया। पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।
घटनाक्रम का वीडियो वायरल होने के बाद पूर्व प्रधान समेत तीन नामजद व पांच अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध रविवार को रिपोर्ट दर्ज की गई है। बहेड़ी के गुरसौली गांव निवासी पप्पू दिवाकर ने दर्ज कराई रिपोर्ट में आरोप लगाया कि वह नवाबगंज इलाके के गेलाटांडा गांव में पूर्व प्रधान चंद्रसेन के यहां रहते थे।
पीड़ित ने लगाया था ये आरोप
चंद्रसेन ने ट्रैक्टर खरीदने के लिए उससे साढ़े चार लाख रुपये उधार लिए थे। रुपये लौटाने के लिए कहने पर चंद्रसेन, उसके बेटे पप्पू और गोधनलाल ने साथियों के साथ मिलकर पप्पू दिवाकर की पिटाई कर दी। जातिसूचक गालियां देकर बेइज्जत करने के साथ ही सिर मुंड़वा दिया। मूंछें भी कटवा दीं।
सीओ नीलेश कुमार मिश्रा ने बताया कि तीनों नामजद आरोपियों को नवाबगंज से ही गिरफ्तार कर लिया गया। न्यायालय में पेश करने के बाद चंद्रसेन व उसके बेटे पप्पू को जेल भेज दिया गया। गोधनलाल को जमानत दे दी गई। अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
आम आदमी पार्टी ने की घटना की निंदा
अनुसूचित जाति के व्यक्ति से अभद्रता का मामला तूल पकड़ गया। आम आदमी पार्टी के सोशल मीडिया पेज से एक पोस्ट करके घटना की निंदा की गई है। प्रदेश सरकार पर भी आरोप लगाया है।