पीलीभीत। कक्षा एक से 12वीं तक के विद्यार्थियोंं की अपार आईडी बनाने में निजी स्कूल-कॉलेज, इंटर कॉलेज और मदरसा संचालक सजग नहीं हैं। हाल यह है कि 150 से अधिक निजी स्कूलों में अब तक एक भी विद्यार्थी की अपार आईडी नहीं बन सकी है। इंटर कॉलेजों और कई मदरसों का हाल भी ऐसा ही है। हालांकि, बीएसए की ओर से पत्र जारी होने के बाद स्कूल संचालकों में खलबली मची है।
बेसिक, माध्यमिक, मदरसों और जिले में संचालित निजी स्कूलों में पढ़ने वाले कक्षा एक से 12वीं तक के विद्यार्थियों के शैक्षिक विवरण व अन्य जानकारियों को दर्ज करने के लिए अपार आईडी बनाई जा रही है।
जिले के करीब 3.55 लाख छात्रों की अपार आईडी बननी है। माध्यमिक, मदरसा और निजी स्कूलों के प्रधानाध्यापक व प्रबंधक विद्यार्थियों की अपार आईडी बनवाने में लापरवाही बरत रहे हैं। इस हीलाहवाली पर बीएसए अमित कुमार सिंह ने जिले के 627 निजी स्कूलोंं के प्रबंधक/ प्रधानाचार्यों को नोटिस जारी किया है।
अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी के माध्यम से मदरसोंं को पत्र भेजा गया है। वहीं, डीआईओएस को पत्र भेजकर इंटर कॉलेजों में पंजीकृत विद्यार्थियों की अपार आईडी बनवाए जाने के लिए कहा है। विद्यार्थियों की अपार आईडी बनाए जाने का हाल यह है कि अब तक 150 से अधिक निजी स्कूलों में एक भी विद्यार्थी की आईडी नहीं बन सकी है। मदरसों की बात करें तो 60 से अधिक मदरसे ऐसे हैं, जहां एक भी विद्यार्थी की अपार आईडी नहीं बनाई गई है। इसी तरह 25 से अधिक इंटर कॉलेजों का खाता भी नहीं खुला है।