निषेधाज्ञा का उल्लंघन कर निकाला गया जुलूस रुकवाया
- फोटो : पीलीभ्ाीत/उत्ततर प्रदेश्ा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नोटबंदी फैसले का समर्थन करते हुए हिन्दू जागरण मंच की ओर से निकाले जा रहे जुलूस को पुलिस ने जिले में लागू निषेधाज्ञा का हवाला देकर रुकवा दिया। इस दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक हुई। हालांकि पुलिस जागने से पहले ही जुलूस कई मुख्य मार्गों से होकर गुजर चुका था।
रविवार को हिन्दू जागरण मंच की ओर से नोटबंदी फैसले के समर्थन में रेलवे स्टेशन से जुलूस निकाला गया। जिसमें 28 नवंबर को नोटबंदी के विरोध में बाजार बंद कराए जाने का विरोध किया गया। जनता से अपील की गई वह प्रधानमंत्री के फैसले का साथ दें। जुलूस छतरी चौराहा, सुनगढ़ी, गैस चौराहा, सब्जी मंडी, ड्रमंड गंज चौराहा, रामस्वरुप पार्क से साहूकारा होते हुए आयुर्वेदिक कॉलेज चौराहा तक पहुंच गया। जिसके बाद पुलिस को निषेधाज्ञा लागू होने और बिना अनुमति जुलूस निकाले जाने की याद आई। कोतवाल इंद्र सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और जुलूस को रुकवा दिया। जिसके बाद दोनों के बीच जमकर नोकझोंक हुई। पुलिस के जाने के बाद कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए खकरा स्थित कार्यालय पहुंच गए। महामंत्री स्वतंत्र देवल ने कहा कि रैली किसी पार्टी के समर्थन या विरोध में नहीं थी। सिर्फ नोटबंदी से हमारे देश में कालेधन, भ्रष्टाचार और आतंकवाद पर अंकुश लगाने के लिए किए गए बेहतर प्रयास के समर्थन करते हुए लोगों को जागरुक करने के लिए थी। इस मौके पर उपाध्यक्ष दीपक सक्सेना, नितिन सक्सेना, आकाश सक्सेना, अजय शर्मा, मिथुन मिश्रा, नीरज शर्मा, निशांत सक्सेना, युवराज अगनानी, अखिलेश सक्सेना, राहुल तिवारी, सौरभ शुक्ला, जीतू कश्यप, वैभव, राहुल शुक्ला, मोहित रामचंदानी आदि थे।