पीलीभीत। फर्जी दस्तावेज बनाकर जमीन हड़पने का प्रयास करने, तमंचा दिखाकर जान से मारने की धमकी देने, गाली-गलौज करने के मामले में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पूजा गुप्ता ने सुनगढ़ी थाना प्रभारी को निर्देश दिए कि आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना की जाए।
जनपद बरेली प्रेमनगर निवासी शाजिया खान पत्नी मोहम्मद आमिर ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पीलीभीत के न्यायालय में दिए प्रार्थना-पत्र देकर कहा कि सुनगढ़ी थाना के पकड़िया नौगवां में एक मकान बरेली निवासी आशीष कुमार चतुर्वेदी के साथ मिलकर 13 लाख 70 हजार रुपये में लेकर 23 अगस्त 2016 में बैनामा कराया था।
उसने उस मकान में आधे भाग की कुल रकम छह लाख 85 हजार रुपये नीरा पत्नी राम कुमार निवासी पकड़िया को दी लेकिन संबंधित ने बिना सूचना दिए आधे भाग की बिक्री कर दी। जबकि मकान व प्लाट में कोई हिस्सा बंटवारा नहीं हुआ था। 2019 में जब उसे जानकारी लगी तो शेष बचे आधे भाग की बाउंड्री कराकर अपना गेट लगाकर अपना ताला लगा दिया।
31 नवंबर 2023 को वह अपने प्लाट पर मकान का निर्माण करा रही थी। तभी पीलीभीत के मोहल्ला एकता नगर निवासी श्रीश सक्सेना, आशीष कुमार चतुर्वेदी, डॉक्टर तेजराम वर्मा और दो अज्ञात व्यक्ति आए और फर्जी कागजात दिखाकर डराने-धमकाने लगे। गालियां देते हुए श्रीश सक्सेना ने तमंचा तानकर उसे जान से मारने की धमकी दी।
कहा कि अगर दोबारा निर्माण कराने का प्रयास किया तो जान से मार देंगे। आरोपी लगातार धमकी दे रहे हैं। पीड़िता ने कहा कि मामले की शिकायत थाने में की, लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की। मामले की सुनवाई करते हुए न्यायाधीश ने मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है।