पीलीभीत। जनपद के न्यायिक क्षेत्राधिकार को उच्च न्यायालय की लखनऊ खंडपीठ से जोड़ने की जिले के अधिवक्ताओं की मांग पर केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद के प्रयासों से केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने उच्च न्यायालय प्रयागराज में इस मामले को प्रस्तुत किया है।
जिला संयुक्त बार एसोसिएशन के अध्यक्ष धीरेंद्र मिश्र एडवोकेट की अगुवाई में जनपद के अधिवक्ताओं ने बीते वर्ष जुलाई में केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद को ज्ञापन दिया। इसमें कहा गया कि जनपद का उच्च न्यायालय का न्यायिक क्षेत्राधिकार यहां से 600 किलोमीटर की दूरी पर प्रयागराज में है। पीलीभीत से लखनऊ की दूरी 300 किलोमीटर से भी कम है। उच्च न्यायालय की लखनऊ खंडपीठ से पीलीभीत को जोड़ दिया जाए, तब जन सामान्य को काफी लाभ होगा। जितिन प्रसाद ने केंद्रीय विधि मंत्री अर्जुन राम मेघवाल को व्यक्तित्व रूप से मिलकर अवगत कराया। केंद्रीय विधि मंत्री ने इस मामले को इलाहाबाद उच्च न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया है। केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्री ने जितिन प्रसाद को पत्र भेजकर इस आशय की जानकारी दी है। राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने पत्र की प्रतिलिपि जिला संयुक्त बार एसोसिएशन के अध्यक्ष धीरेंद्र मिश्र एडवोकेट को भेजी है।