शहर के रामस्वरूप पार्क में टूटे पड़े झूले संवाद
पीलीभीत। शहर के रामस्वरूप पार्क की व्यवस्थाएं बदहाल हैं। आमजन को सुकून के पल देने वाला पार्क खुद ही अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहा है। गंदगी, टूटे झूले और अन्य अव्यवस्थाओं से पार्क की हालत बदहाल है। नगरपालिका के जिम्मेदार बेपरवाह हैं।
टनकपुर हाईवे के नेहरू पार्क को छोड़ दिया जाए तो सुकून के पल बिताने के लिए शहर में चंद छोटे पार्क ही हैं। इन पार्कों की हालत भी खराब है। बैठने और पेयजल के इंतजाम बदहाल हैं। साफ-सफाई भी कागजों पर ही चकाचक है। कुछ ऐसा ही हाल है शहर के रामस्वरूप पार्क का। शहर के बीचो-बीच बने इस पार्क को देख कर लगता है कि महीनों से सफाई नहीं हुई है। पार्क में दो झूले लगे हैं। दोनों टूटे हैं। नगरपालिका की ओर से पूर्व में बनवाए गए शौचालय में ताला लगा रहता है। हालांकि पार्क के अंदर बना पिंक शौचालय चलता है। एक टूटी ठेलिया, खराब हैंडपंप ही इस पार्क की पहचान है।
14 लाख से कराया गया था पार्क का सुंदरीकरण
पूर्व के वर्षों में नगरपालिका ने पार्क के सुंदरीकरण के नाम पर करीब 14 लाख रुपये खर्च किए। पार्क परिसर में लगे बोर्ड के अनुसार यह धनराशि वर्ष 2016-17 में स्वीकृत हुई। कार्य वर्ष 2020 में पूरा हुआ। इसके बाद जिम्मेदारों ने पार्क की सुध नहीं ली। रखरखाव तो दूर पालिका के जिम्मेदार नियमित सफाई भी नहीं करा रहे हैं। यही वजह है कि पार्क में लोगों का आना न के बराबर रह गया है।
शहर के रामस्वरूप पार्क में टूटे पड़े झूले संवाद