गेहूं खरीद में फर्जी रिपोर्टिंग करने पर डिप्टी आरएमओ सुरेश यादव पर गाज गिरी है। खाद्य आयुक्त ने उन्हें बरेली कार्यालय से संबद्ध किया है। साथ ही जिले में नई तैनाती होने तक किसी अन्य डिप्टी आरएमओ को यहां चार्ज देने के आदेश भी संभागीय खाद्य नियंत्रक को दिए हैं।
गेहूं खरीद में अपनी पीठ थपथपाने को डिप्टी आरएमओ ने अधिकारियों को कुल खरीद से करीब 10 प्रतिशत अधिक के आंकड़े दर्शाकर रिपोर्ट भेज दी थी, लेकिन हकीकत में खरीद न होने की शिकायत खाद्य एवं रसद राज्य मंत्री हेमराज वर्मा से लोगों ने की थी। उनके निर्देश पर डीएम ने इस शिकायत पर डिप्टी आरएमओ का जवाब तलब किया था और रिपोर्ट शासन को भेजी थी। इसके बाद खाद्य आयुक्त ने मामले की जांच विभागीय अधिकारियों से कराई जिसमें शिकायत सही पाई गई। हालांकि डिप्टी आरएमओ ने अपनी सफाई में किसानों से गेहूं खरीद की बात होने के कारण अधिक आंकड़े दर्शाने का तर्क दिया लेकिन शासन ने इसे गलत मानते हुए कार्रवाई की है। खाद्य आयुक्त ने संभागीय खाद्य नियंत्रक को पत्र भेजकर डिप्टी आरएमओ सुरेश यादव को बरेली से संबद्ध करने एवं पीलीभीत में नई तैनाती होने तक किसी अन्य डिप्टी आरएमओ को पीलीभीत का चार्ज देने के आदेश दिए हैं।