गन्ना मूल्य घोषित न होने के विरोध में भाकियू का धरना पांचवें दिन भी जारी रहा। किसानों ने सरकार और अधिकारियों पर किसानों की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए नारेबाजी की और मूल्य घोषित होने तक धरना जारी रखने का ऐलान किया।
भारतीय किसान यूनियन ने मंडी समिति स्थित किसान विश्राम गृह में शनिवार को धरना प्रारंभ किया था। धरने के पांचवें दिन बुधवार को कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष सतविंदर सिंह काहलो ने कहा कि प्रदेश और सरकार स्वयं को किसान हितैषी बता रही हैं जबकि दोनों ही सरकारें और अधिकारी किसानों की उपेक्षा कर रहे हैं। आधा गन्ना सीजन निकलने के बाद भी मिल मालिकों को लाभ देने के उद्देश्य से गन्ना मूल्य घोषित नहीं किया जा रहा है। मंडल अध्यक्ष वेद प्रकाश शर्मा ने आंदोलन को और तेज करने की चेतावनी दी। धरने की अध्यक्षता कर रहे धर्मपाल वर्मा ने कहा भाकियू आर पार की लड़ाई को तैयार है और लड़ाई जीत कर ही दम लेगी। धरने में भजनलाल क्रोधी, प्यारेलाल वर्मा, ओमप्रकाश राजपूत, शिशुपाल, होरीलाल, आदेश कटियार, रजनीश, डोरीलाल, जयंती देवी, वेलामती, पप्पू वर्मा, रामकुमार प्रजापति, अनिल कुमार मिश्रा सहित कई लोग थे।