बीसलपुर। गांव रिछोला घासी के क्रय केंद्र पर पिछले तीन सप्ताह से गन्ने की तौल नहीं हो रही है। जिससे गन्ना किसान अपना गन्ना नहीं बेच पा रहे हैं। शिकायत के बाद भी जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे हैं।
सहकारी गन्ना विकास समिति के सचिव आरपी कुशवाहा ने बताया कि गांव रिछोला घासी का गन्ना क्रय केंद्र पिछले कई वर्षों से बजाज हिंदुस्तान चीनी मिल बरखेड़ा से जुड़ा हुआ है। इसी क्रम में बरखेड़ा चीनी मिल के अधिकारियों ने इस वर्ष पेराई सत्र शुरू होते ही छह नवंबर को इस गांव में गन्ना क्रय केंद्र स्थापित कर दिया था, सारी सुविधाएं उपलब्ध करा दी थी और स्टाफ भी तैनात कर दिया था। इसी बीच गांव के कुछ दबंग किसानों ने यह कहकर इस केंद्र पर गन्ने की तौल रुकवा दी थी कि वे केंद्र को बरखेड़ा मिल से हटवाकर फरीदपुर चीनी मिल से जुड़वाएंगे। इन दबंगों का यह तर्क है कि बरखेड़ा किसानों को भुगतान सही समय पर नहीं देती है और फरीदपुर मिल भुगतान सही समय पर देती है। इनमें से कुछ किसानों ने अधिकारियों के स्तर से मांग पूरी न होते देख इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका भी दायर कर दी थी, लेकिन हाईकोर्ट ने इस मामले में प्रदेश के गन्ना आयुक्त को निर्णय लेने का अधिकारी दिया था। हाई कोर्ट से राहत न मिलने पर इन दबंगों ने क्रय केंद्र पर गन्ने की तौल न होने देने का सिलसिला जारी रखा है। इस वजह से उन किसानों को गन्ना नहीं तुल पा रहा है, जो किसान अपना गन्ना तुलवाना चाहते हैं। ऐसे किसान रोजाना गन्ना समिति के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन गन्ना विभाग के अधिकारी सब कुछ जानते हुए भी अनजान बने हुए हैं, जिससे किसानों में अधिकारियों के प्रति रोष है।
रिछोला घासी केंद्र पर दबंगों द्वारा गन्ने की तौल रुकवाए जाने की सूचना विभागीय उच्चाधिकारियों को दे दी गई है। बहुत जल्द इस केंद्र पर गन्ने की तौल शुरू करा दी जाएगाी।
- आरपी कुशवाहा सचिव गन्ना समिति।