जनसभा के मंच से अभिवादन करते केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह। संवाद
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पीलीभीत। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने सोमवार दोपहर शहर के ड्रमंड कॉलेज मैदान में आयोजित जनसभा में कांग्रेस और सपा, बसपा पर सियासी वार किए। उन्होंने कहा कि तीन चरण के चुनाव में सपा और बसपा का सूपड़ा साफ हो गया है। कांग्रेस दूरबीन लेकर भी नहीं दिखाई पड़ रही है। भाजपा की लहर है और सातवां चरण आते-आते यह सुनामी में बदल जाएगी।
अमित शाह ने संवाद के अंदाज में सभा को संबोधित किया। आतंकवाद और कश्मीर के सवाल पर लोगों को अपने साथ जोड़ा। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी का एक साक्षात्कार का जिक्र करते हुए कहा कि प्रियंका गांधी एक सवाल के जवाब में कहती हैं कि आतंकवाद फिजूल की बात है। जो सिमी के लोग अहमदाबाद बम धमाके में पकड़े गए थे, उनकी पार्टी के नेता सलमान खुर्शीद कहते थे कि वे बेगुनाह हैं। उनको छोड़ देना चाहिए। यह कांग्रेस पार्टी का चरित्र है। दूसरी ओर समाजवादी पार्टी जब सत्ता में आई। संकट मोचन मंदिर पर हमला हुआ था। बम धमाका में कई निर्दोष लोग मारे गए। लखनऊ में बम धमाका हुआ। इसमें शामिल चार आरोपियों को छोड़ने का वादा अखिलेश यादव ने घोषणा पत्र में किया था। वो तो हाईकोर्ट ने दखल कर दी, तो रुक गया। वरना सारे आतंकवादी मुक्त हो जाते। उन्होंने कहा कि वोट के लालच में जो देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करते हैं क्या ऐसे लोगों को वोट देना चाहिए। भाजपा देश के साथ और आतंकवाद के खिलाफ है।
देशभक्तों की भूमि है पीलीभीत
अमित शाह ने कहा कि पीलीभीत देश भक्तों की भूमि है। यहां पर सिखों के गुरु खुद आए थे। इस पवित्र भूमि पर यही पूछना चाहता हूं कि कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है या नहीं। भाजपा ने कश्मीर को हमेशा के लिए भारत के साथ जोड़ने के लिए अनुच्छेद 370 हटाने का काम किया। मगर सपा बसपा और कांग्रेस ने विरोध किया। अखिलेश यादव कह रहे थे कि अनुच्छेद 370 हटाएंगे तो खून की नदियां बह जाएंगी। फिर पूछा- अखिलेश बाबू आप किसको डरा रहे हो। हम नहीं डरते। कहा कि 5 अगस्त 2019 को जब अनुच्छेद 370 हटाया तो किसी ने कंकड़ उछालने की भी हिम्मत नहीं हुई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को सुरक्षित करने का काम किया। कहा कि सपा- बसपा के समर्थन से सोनिया गांधी और मनमोहन सिंह की सरकार चलती थी। आए दिन पाकिस्तान के आलिया, मालिया, जमालिया घुस जाते थे और हमारे जवानों के सिर काट कर ले जाते थे। दिल्ली की सरकार चुप रहती थी। जब मोदी सरकार आई तब सर्जिकल स्ट्राइक करके पाकिस्तान के घर में घुसकर आतंकवादियों का सफाया किया। इसके बाद भाजपा प्रत्याशी संजय गंगवार को जिताने, यूपी में 300 सीटें लाने तथा योगी आदित्यनाथ को मुख्यमंत्री बनाने के लिए हाथ उठवाए।