पीलीभीत/बीसलपुर। संपूर्ण समाधान दिवस में एक बार फिर शिकायतों के निस्तारण की गति बेहद धीमी दिखी। पांच तहसीलों में कुल 154 शिकायतें अधिकारियों तक पहुंची। मगर निस्तारण महज 35 का ही कराया जा सका। बाकी शिकायतों को संबंधित विभाग के अधिकारियों को निस्तारण के लिए दे दिया गया।
कोरोना संक्रमण को देखते हुए संपूर्ण समाधान दिवस बीसलपुर तहसील के बजाय मंडी समिति परिसर में हुआ। डीएम पुलकित खरे , एसपी जयप्रकाश आदि जनपद स्तरीय अधिकारी वहां मौजूद रहे। शिकायतों की सुनवाई कर मौके पर निस्तारण कराने के प्रयास किए गए। मगर अधिकांश जमीन संबंधी विवाद होने के कारण समाधान नहीं हो सका। कुल 61 शिकायतें अधिकारियों को मिली, जिसमें 27 का ही निस्तारण हो सका। डीएम ने निर्देश दिए कि शिकायती पत्र पर शिकायतकर्ता के हस्ताक्षर जरूर कराएं। गंभीरता से जल्द बाकी शिकायतों का भी निस्तारण किया जाए। ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों को डीएम ने कार्यालय में बैठक जन सुनवाई करने भेज दिया। सीडीओ श्रीनिवास मिश्र, डीआईओएस संतप्रकाश, सीएमओ डॉ. सीमा अग्रवाल, बीएसए चंद्रकेश, सीओ लल्लन सिंह आदि मौजूद थे। सदर तहसील में एसडीएम अविनाश चंद्र मौर्य ने फरियादियों को सुना, लेकिन निस्तारण नाममात्र हुआ। प्राप्त 42 शिकायतों में सिर्फ पांच का ही अफसर निस्तारण करा सके।
कलीनगर। एडीएम न्यायिक देवेंद्र प्रताप मिश्र की अगुवाई में हुए संपूर्ण समाधान दिवस में 16 शिकायतें प्राप्त हुई। मगर निस्तारण एक का भी नहीं हो सका। एसडीएम रामस्वरुप, तहसीलदार राकेश मौर्य आदि मौजूद थे।
अमरिया। तहसील परिसर में एसडीएम चंद्रभानु सिंह, सीओ सदर प्रमोद कुमार ने फरियादियों को सुना। यहां13 शिकायतें आई, मगर निस्तारण दो का ही हो सका।
पूरनपुर। एसडीएम राजेंद्र प्रसाद की अध्यक्षता में तहसील सभागार में हुए संपूर्ण समाधान दिवस में 22 फरियादियों ने अपनी फरियाद रखी। इसमें मात्र एक शिकायत का मौके पर निस्तारण हो सका। सीओ उत्तम सिंह, तहसीलदार विजय कुमार त्रिवेदी, नायब तहसीलदार अनुराग सिंह आदि थे।
सवा साल से लगा रहे चक्कर
अपना राशनकार्ड बनवाने के लिए पिछले सवा वर्ष से आपूर्ति कार्यालय और संपूर्ण समाधान दिवसों में कई प्रार्थना पत्र दे चुका हूं। मगर अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई है। अबकी बार फिर आश्वासन मिला है। - अरविंद मिश्रा, गांव अहिरवाड़ा
तीन साल हो गए समाधान की उम्मीद में
पिता ब्रजलाल का निधन 28 सितंबर 2018 को हो गया था। हलका लेखपाल ने मेरे दो भाइयों जमीन की विरासत में नाम दर्ज किया, मगर मेरा नहीं किया। न्याय के लिए तीन साल से भटक रहा हूं। कई बार संपूर्ण समाधान दिवस में भी शिकायत पहले कर चुका। - मेवाराम गांव, गुलड़िया राधे
अच्छा बताकर किसान को दे दिया धान का खराब बीज
पूरनपुर। अच्छा बताकर एक व्यापारी ने किसान को धान का खराब बीज दे दिया। नतीजतन किसान की 70 प्रतिशत फसल में धान नहीं आया। किसानों ने धान की पौध को साथ लाकर संपूर्ण समाधान दिवस में एसडीएम से शिकायत की। एसडीएम ने जांच कराकर कार्रवाई का आश्वासन दिया।
गांव रंपुरा फकीरे निवासी कुछ किसानों ने संपूर्ण समाधान दिवस में पहुंचकर शिकायत की। दिए गए शिकायती पत्र में बताया कि मई 2020 में लॉकडाउन के दौरान नगर के बीज विक्र्रेता से धान की एनडीआर 359 प्रजाति का बीज खरीदकर खेतों में लगाया था। फर्म मालिक ने अच्छा और प्रमाणिक बीज होना बताया। मगर बीज खराब निकला। इसकी जानकारी धान की पौध में आई बाली के बाद हुई। 70 प्रतिशत फसल में धान नहीं आया। बीज विक्रेता से शिकायत करने पर उसने मौके पर पहुंचकर फसल को देखा तक नहीं। किसानों ने बताया कि लॉकडाउन होने का हवाला देकर बीज विक्रेता ने बीज का बिल भी नहीं दिया था। शिकायत की बात कहने पर बीज विक्रेता धमका रहा है। किसानों ने एसडीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की। शिकायत करने वालों में जमुना प्रसाद, राममूर्ति, रामखिलावन, नौशाद, हरप्रसाद आदि थे। एसडीएम राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि जिला कृषि अधिकारी को मामले की जांच कराकर कार्रवाई को कहा गया है।