जुलूस-ए-मोहम्मदी के दौरान शहर में हुए बवाल मामले में पुलिस द्वारा की कार्रवाई में एक नाबालिग छात्र को गिरफ्तार कर जेल भेजने व दरबारे अल्लाहू मियां के हसनमियां कदीरी समेत तमाम लोगों पर हत्या प्रयास समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लेने के विरोध में खानकाहों के लोगों में गुस्सा बढ़ता जा रहा है। रविवार को ऑल इंडिया सूफी काउंसिल के तत्वावधान में विभिन्न खानकाहों के सज्जादगानों व नुमाइंदगानों ने बैठक की और एक स्वर में खानकाहों के हिफाजत के लिए ठोस कदम उठाने की बात कही। सभी ने पैगंबर-ए-इस्लाम की यौमे पैदाइश के दौरान शहर में हुई घटना पर अफसोस जाहिर करते हुए शीघ्र ही रामपुर में हजरत हाफिज शाह जमालुल्लाह रामपुरी रहमतुल्लाह अलैह के आस्ताने के सज्जादानशीन की अगुवाई में एहतिमाम ऑल इंडिया सूफी काउंसिल के बैनर तले प्रदर्शन करने का एलान किया।
शहर स्थित हजरत सैय्यदना सरकार अल्लाहू मियां की खानकाह पर रविवार को मीटिंग के दौरान सकलैन एकेडमी ऑफ इंडिया के चेयरमैन अलहाज मुमताज मियां ने कहा कि खानकाहों की शिक्षा बराबर अमनो अमान यकजहती और भाईचारे की रही है। खानकाह के लोगों को बुजदिल न समझा जाए। अगर खानकाहों के सज्जादगानों को छेड़ा गया तो उसका मुंहतोड़ जवाब देने के लिए खानकाही लोग पीछे नहीं रहेंगे। भटपुरा शरीफ के खानकाह के सज्जादानशीन हजरत सैयद अजीज मियां ने सूफी काउंसिल के फैसले का समर्थन किया।
खानकाह हजरत शाहजी मोहम्मद शेर मियां से नुमाइंदगी करते हुए हजरत शाह वजाहत मियां शेरी ने कहा कि सूफियों का मिशन अमनो अमान व यक-जहती का रहा है। अफसोस है कि रसूल ए अरबी की पैदाइश के मौके पर अकीदतमंदों का जुलूस रोका गया और उन पर जुल्म की गई। शाहजी एकेडमी बरेली के अध्यक्ष हाजी सरफराज हुसैन अंसारी ने कहा कि खानकाइयों पर जुल्म और ज्यादती बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ककराला बदायुं से मुफ्ती फईम सकलैनी ने कहा कि हमारे सब्र का इम्तेहान न लिया जाए। प्रोफेसर महमूद हसन बरेलवी ने भी विचार रखे।
अंत में खानकाह ए उस्मानिया कदीरिया के सज्जादानशीन हजरत मुफ्ती हसन मियां कदीरी ने कहा कि अगर हमें इंसाफ नहीं मिला तो हम जेलों को भरने से भी पीछे नहीं हटेंगे। इस मौके पर लतीफ कुरैशी, हाफिज बिलाल नूरी, मुफ्ती जाकिर हुसैन अशरफी, सूफी इरफान मिया कदीरी, हाफिज अनवार शेरी, हाफिज इकरार अहमद, मोहम्मद इशहाक कदीरी, मतीन खां साबरी, तौसीफ अहमद कदीरी, काशिफ खां, सूफी शाहबुद्दीन कदीरी, सुल्तान अहमद कदीरी, सैयद जफर कदीरी, जमीर हसन खां, मोहम्मद बेग कदीरी, मौलाना इंतेजार कदीरी, मौलाना मोहम्मद दानिश कदीरी, तौकीर अहमद नकवी, मोहम्मद रिजवान मलिक, मौलाना फिदा हुसैन कदीरी आदि ने शिरकत की।