पीलीभीत। जिले के स्थानीय मार्गों पर बसों की कमी से यात्रियों को होने वाली परेशानी जल्द दूर हो सकती है। रोडवेज विभाग ने ऐसे मार्गों को चिह्नित करने की कवायद शुरू कर दी है, जहां यात्रियों की संख्या के अनुपात में बसों का संचालन कम है। हाल ही में कार्यभार संभालने वाले एआरएम ने स्थानीय मार्गों का सर्वे शुरू कराया है। सर्वे में यात्रियों की संख्या, बसों की उपलब्धता और रूट की आवश्यकता का आकलन किया जाएगा।
जिले के कई स्थानीय मार्गों पर रोडवेज बसों की संख्या सीमित है। इससे सुबह और शाम के समय यात्रियों को परेशानी बढ़ जाती है। कई बार बस में अधिक भीड़ होने के कारण यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ती है। स्थानीय लोगों की ओर से लंबे समय से इन मार्गों पर बसों की संख्या बढ़ाने की मांग की जा रही है।
इसी को देखते हुए रोडवेज के नए एआरएम ने स्थानीय मार्गों पर बस संचालन की स्थिति का सर्वे कराने की प्रक्रिया शुरू कराई है। इसमें प्रमुख रूप से ऐसे रूटों को शामिल किया जा रहा है, जहां यात्रियों की आवाजाही अधिक है, लेकिन बसों की संख्या कम है। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर बसों के संचालन का नया प्लान तैयार किया जाएगा।
यात्रियों की मांग के अनुसार होगा संचालन
एआरएम के अनुसार सर्वे में स्थानीय मार्गों पर यात्रियों की वास्तविक जरूरत का आकलन किया जाएगा। जिन रूटों पर अतिरिक्त बसों की आवश्यकता सामने आएगी, वहां उपलब्ध संसाधनों के अनुसार बसों का संचालन बढ़ाया जाएगा। इससे स्थानीय यात्रियों को आवागमन में राहत मिलने की उम्मीद है।
वर्जन
स्थानीय मार्गों पर बसों के संचालन की स्थिति का सर्वे कराया जा रहा है। यात्रियों की संख्या और मांग के आधार पर जिन रूटों पर बसों की जरूरत होगी, वहां अतिरिक्त बसें चलाने का प्रयास किया जाएगा। इसका उद्देश्य यात्रियों को बेहतर परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना है।
विपुल पाराशर, एआरएम, पीलीभीत डिपो।