पीलीभीत। कोरोना काल के चलते निजी अस्पतालों का नवीनीकरण नहीं हो सका था। अनलॉक होने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने अब इनके पुन: नवीनीकरण की प्रक्रिया शुरू कर दी है। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने स्पष्ट आदेश किया है कि बिना स्थलीय सत्यापन के किसी भी निजी अस्पतालों का नवीनीकरण नहीं किया जाएगा।
जनपद में करीब छोटे बड़े मिलाकर 65 नर्सिंग होम और 100 पैथोलॉजी लैब संचालित हैं। इन सभी का संचालन स्वास्थ्य विभाग में पंजीकरण के बाद होता है। वर्ष 2019 में नवीनीकरण के बाद पंजीकरण मार्च 2020 में निरस्त हो गए। कोरोना के चलते स्वास्थ्य विभाग ने किसी का नवीनीकरण नहीं कराया। एक जून को अनलॉक होने के बाद भी नवीनीकरण की प्रक्रिया पर गौर नहीं किया गया। पूर्व में हुई धांधली को देखते हुए इस बार सीएमओ ने नवीनीकरण की प्रक्रिया में बदलाव किया है।
सीएमओ डॉ. सीमा अग्रवाल ने बताया कि कोरोना के चलते सत्यापन नहीं हो सका था। इस बार आवेदन मिलने के बाद टीम भेजकर सत्यापन कराया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी एसीएमओ डॉ. हरपाल सिंह को दी गई है। नर्सिंग होम का नवीनीकरण के लिए भवन का नक्शा, स्टाफ, फायर एनओसी, बॉयोमेडिकल वेस्ट समेत तमाम सुविधाएं उपलब्ध होनी चाहिए। अगर यह सभी सुविधाएं नहीं मिलीं तो नवीनीकरण नहीं होगा। आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।