बराही गांव में बाघ की चहलकदमी के बाद मौके पर लगी किसानों की भीड़। स्रोत किसान
- फोटो : सदर तहसील में तहसीलदार को ज्ञापन सौंपते लेखपाल संघ के अध्यक्ष संजय व अन्य पदाधिकारी। स्रोत स्वयं
माधोटांडा। बराही रेंज के जंगल से सटे बराही गांव में शुक्रवार सुबह बाघ की दस्तक से दहशत फैल गई। खेत में गन्ने की छिलाई कर रहे मजदूर बाघ देख भाग गए। जानकारी पर बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हुए। किसानों का कहना है कि कई दिनों से क्षेत्र में शावक के साथ बाघिन की चलहकदमी देखी जा रही है। इससे कृषि कार्य प्रभावित होने के साथ ही हमले का खतरा मंडरा रहा है। फिलहाल विभागीय टीमों ने निगरानी शुरू कर दी है।
माधोटांडा क्षेत्र के गांव बराही जंगल से सटे इलाके में स्थिति है। आए दिन वन्यजीवों की चहलकदमी बनी रहती है। गांव निवासी प्रगतिशील किसान सुखदीप सिंह अन्य ने बताया कि शुक्रवार सुबह करीब आठ बजे मजदूर उनके खेत में गन्ने की छिलाई का कार्य कर रहे थे। इस दौरान उनकी नजर एक खेत से निकलकर दूसरे खेत में गए बाघ पर पड़ी। इस पर मजदूरों में दहशत फैल गई। सभी जान बचाने को खेत से भागकर फार्म पर पहुंचे। सूचना पर बड़ी संख्या में अन्य लोग भी मौके पर पहुंचे। पगचिह्न देखकर सतर्कता बरती। उनका कहना है कि बाघ ने एक छुट्टा पशु को मार डाला और गन्ने के खेत में ले गया। इस वजह से बाघ डेरा जमाय है। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले कई दिनों से क्षेत्र में शावक के साथ एक बाघिन की भी मौजूदगी देखी जा रही है।
इस समय अधिकतर खेताें में गन्ने की छिलाई का कार्य चल रहा है। हिंसक वन्यजीवों की चहलकदमी से हमले का खतरा मंडरा रहा है। इससे मजदूर कार्य करने के लिए तैयार नहीं हैं। कृषि कार्य प्रभावित है। डीएफओ भरत कुमार डीके ने बताया कि सूचना पर क्षेत्रीय टीम को स्थिति को परखकर निगरानी बरतने के निर्देश दिए हैं।