पीलीभीत। नगर पालिका में चार साल में 250 कर्मचारियों को दिखाकर 125 कर्मचारियों का फर्जी वेतन निकालने व ईपीएफ जमा नहीं करने की शिकायत पर अधिशासी अधिकारी ने जांच बैठाई है। आईजीआरएस पोर्टल के माध्यम से की गई शिकायत के बाद एडीएम वित्त ने नगर पालिका को जांच के आदेश दिए थे। ईओ ने संबंधित तीनों फर्मों को नोटिस जारी कर ईपीएफ चालान की प्रति व ईएसआई पंजीकरण की सूची तीन सितंबर तक नगर पालिका में जमा करने के आदेश दिए हैं।
शहर के दूधिया मंदिर रोड निवासी अटल वाल्मीकि ने आईजीआरएस के जरिये 2021-25 के बीच नगर पालिका द्वारा आउटसोर्सिंग के ठेके लेने वाले ठेकेदारों पर गंभीर आरोप लगाया है। शिकायत में कहा गया कि ठेकेदारों ने 250 आउटसोर्सिंग सफाई कर्मचारी दिखाकर 125 कर्मियों का वेतन फर्जी निकाल लिया गया। इसी के साथ चार साल से कर्मचारियों की भविष्य निधि जमा नहीं की गई। आईजीआरएस शिकायत के निस्तारण को गंभीरता से लेते हुए एडीएम वित्त ऋतु पुनिया ने नगर पालिका को जांच के आदेश दिए हैं।
संबंध में अधिशासी अधिकारी नगर पालिका संजीव कुमार ने आउटसोर्सिंग ठेका लेने वाली फर्म मैसर्स मोहित अग्रवाल, मैसर्स गैलक्सी एंटरप्राइसेज, मैसर्स एनपीएस फैसेलिटीज को नोटिस जारी किए है।
नोटिस में 3 सितंबर तक आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की ईपीएफ जमा की चालान प्रति, ईएसआई पंजीकरण नगर पालिका में जमा करने के सख्त निर्देश दिए हैं। नोटिस में फर्मों को ब्लैक लिस्ट करने की भी चेतावनी दी गई है।