पूरनपुर। पढ़ाई और कमाई का सपना तो टूटा ही जालसाजों ने कई पीड़ितों को जमीन, गहनें बिकवाकर कर्जदार बना दिया। ऐसा दर्द दिया जो शायद वे जिंदगी भर न भूल पाएं। कोतवाली के जनसुनवाई शिविर में जब पीड़ितों ने अपना दर्द बताया तो एसपी और अन्य पुलिस अफसर हैरान रह गए। समस्या सुनाते समय कुछ लोगों के आंखों में आंसू तक छलक आए। बोले, साहब सब कुछ बर्बाद हो गया। बस न्याय दिला दीजिए...।
गजरौला थाना के गांव दमगढ़ी निवासी सेवानिवृत्त फौजी मेवा सिंह ने जनसुनवाई शिविर में बताया कि सेवानिवृत होने के बाद नगर की स्टेट बैंक शाखा में गार्ड की नौकरी शुरू की। दो बेटों में छोटे बेटे सतविंदर सिंह ने विदेश जाने की इच्छा जाहिर की। इसके बाद अमेरिका भिजवाने के लिए आइलेट संचालक से संपर्क किया।
शुरुआत में मात्र कुछ रुपये में बेटे को विदेश भेजने का आश्वासन मिला। इसके बाद धीरे-धीरे आरोपियों ने 62 लाख रुपये ठग लिए। धोखाधड़़ी कर पुत्र को अमेरिका की जगह टूरिस्ट वीजा पर दो महीने के लिए दुबई भेज दिया। अमेरिका भेजने को टाल मटोल के साथ और रुपये की मांग की जाने लगी। इसमें उनकी जमीन भी चली गई। घुंघचाई थाना के गांव हरीपुर ताल्लुके अजीतपुर बिल्हा निवासी गुरप्रीत सिंह ने बताया कि गांव बौठा के दो लोग उसके घर आए। बताया कि उनकी पकड़ अच्छी है। कम खर्चे पर विदेश भिजवा देंगे।
उन्होंने इन्कार किया, लेकिन दोनों उसके पीछे पड़ गए। दोबारा फिर घर आए। दूर के रिश्तेदार होने के चलते उनकी बातों पर विश्वास कर लिया।
कुछ कागज ले जाकर दोनों ने उसका पासपोर्ट बनवाया। इसके 10 हजार रुपये लिए। कनाडा का वीजा बनवाने के बाद 15 लाख रुपये नकद ले लिए। बाद में रुपये कम होने की बात कहते हुए उसकी एक एकड़ जमीन की आरोपी ने अपनी बहन के नाम सात लाख रुपये में रजिस्ट्री करवा ली। पहली बार कनाडा पहुंचने पर उसे एयरपोर्ट से वापस कर दिया गया। आरोपियों ने उसके दो पासपोर्ट बनवाए।
गुरप्रीत सिंह ने बताया कि वह तो विदेश नहीं जाना चाहता था। मगर आरोपियों ने उससे ठगी कर बर्बाद कर दिया। रुपये वापस मांगने पर जान से मारने की धमकी दी।
परिवार में अकेला होने के चलते अब तक शांत रहा। शिविर में शिकायत पर न्याय मिलने की उम्मीद पर आया हूं। संवाद