पीलीभीत। विशेष न्यायाधीश पाक्सो अधिनियम/अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश त्रिभुवन नाथ पासवान ने घर में अकेली सो रही किशोरी को गलत नीयत से पकड़कर छेड़खानी करने के आरोपी को दोषी पाते हुए सात साल कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने आरोपी पर 30 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
अभियोजन के मुताबिक, थाना बिलसंडा के एक गांव निवासी महिला ने पुलिस को दी तहरीर में कहा कि वह अपने पति व देवर के साथ अपने खेत से 25 अप्रैल 2019 को थ्रेसर से गेहूं निकलवा रही थी। इसके लिए गांव राठ से ट्रैक्टर मंगाया था। ट्रैक्टर चालक शिवकुमार पाकर उसके घर में घुस गया। घर में सो रही उसकी 15 वर्षीय पुत्री को गलत नीयत से पकड़ कर छेड़खानी करने लगा। इस हरकत से किशोरी जाग गई। उसने शोर मचाया तो आरोपी भागने लगा। किशोरी भी शोर मचाते हुए उसके पीछे भागी। पुत्री की आवाज सुनकर वे लोग घर की ओर भागे और आरोपी ट्रैक्टर चालक को पकड़ कर थाने ले आए। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की। बाद विवेचना आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया। न्यायालय ने दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने और पत्रावली का अवलोकन करने के बाद आरोपी को दोषी पाते हुए सजा सुनाई है।