धुरिया पलिया गांव में ग्रामीणों से जानकारी लेते वन दरोगा।
- फोटो : PILIBHIT
कलीनगर। तहसील क्षेत्र के गांव धुरिया पलिया में मंगलवार रात तेंदुए ने दो घरों पर धावा बोलकर दहशत फैला दी। तेंदुए ने पहले किसान बलराज सिंह के फार्म हाउस में घुसकर बछड़े को घायल किया, इसके बाद कुछ दूरी पर स्थित संजय प्रजापति के घर में बंधी बकरी को निवाला बना लिया। आहट पर जागे परिजन ने शोर किया तो तेंदुआ खेतों के रास्ते निकल गया। सूचना के बाद बुधवार को क्षेत्रीय वनकर्मियों ने मौका मुआयना कर जानकारी जुटाई है।
बराही रेंज के जंगल से सटे इलाके में धुरिया पलिया गांव स्थित है। जंगल के साथ बाहर के इलाके में बाघ, तेंदुए के साथ अन्य वन्यजीवों की सक्रियता बनी रहती है। आए दिन खेतों में वन्यजीवों की मौजूदगी या पगचिह्न मिलते हैं। इधर, मंगलवार रात तेंदुआ जंगल से बाहर निकलकर धुरिया पलिया गांव की सीमा में पहुंच गया। किसान बलराज सिंह के फार्म हाउस से सटे इलाके में बनी गोशाला में बंधे बछड़े पर हमलाकर घायल कर दिया। अन्य मवेशियों के चिल्लाने पर परिजन जागे तो तेंदुुआ बछड़े को छोड़कर भाग गया। इसके बाद कुछ दूरी पर स्थिति संजय के घर में घुसकर बकरी को उठा ले गया और मार डाला। संजय ने बताया कि आहट पर परिजन जागे तो शोर शराबा शुरू किया। तेंदुए खेतों के रास्ते आगे की ओर निकल गया। वन दरोगा सुरेंद्र गौतम ने बताया कि जानकारी के बाद मौका मुआयना कर रिपोर्ट तैयार की गई है। ग्रामीणों को जागरूक करने के साथ तेंदुए की निगरानी भी बढ़ा दी है।
आठ माह पूर्व तेंदुए के हमले में मासूम की हो चुकी है मौत
इस इलाके में तेंदुए का आतंक पहले से ही रहा है। करीब आठ माह पूर्व धुरिया पलिया से सटे पचपेड़ा गांव की सीमा में तेंदुए ने खुले रास्ते से घर के अंदर दस्तक देकर आठ वर्षीय बच्ची पर हमला कर दिया था। गंभीर घायल हुई बच्ची की हालत बिगड़ गई थी। इलाज के दौरान उसकी मौत हुई थी। इधर, एक बार फिर तेंदुए की सक्रियता बढ़ने लगी है।