वेतन विसंगति दूर करने, पदनाम परिवर्तन करने सहित छह सूत्री मांगों को लेकर लेखपालों ने तहसील दिवस का बहिष्कार किया। तहसील सभागार के बाहर धरना देकर लेखपालों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपे।
प्रांतीय आह्वान पर मंगलवार को लेखपाल संघ के तत्वावधान में लेखपालों ने जिले की पांचों तहसीलों में हुए तहसील दिवस का बहिष्कार किया। मांगों के समर्थन में लेखपाल ने धरना दिया। जिलाध्यक्ष अशोक गंगवार ने कहा कि मांगों को लेकर पूर्व में भी धरना प्रदर्शन कर चुके हैं लेकिन आश्वासन देकर आंदोलन समाप्त करा दिया गया। इस पर प्रांतीय स्तर से पुन: आंदोलन करने का निर्णय लिया गया है। इसके प्रथम चरण के रूप में तहसील दिवस का बहिष्कार किया जा रहा। इसके बाद काली पट्टी बांधकर विरोध जताया जाएगा। सदर तहसील सहित सभी तहसीलों में लेखपालों ने मुख्यमंत्री को संबोधित छह सूत्री ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। इसमें लेखपाल भर्ती की शैक्षिक योग्यता स्नातक कर वेतनमान ग्रेड 2000 से बढ़ाकर 2800 करने, पदनाम बदलकर राजस्व उपनिरीक्षक करने, एसीपी की विसंगतियों को दूर करने, कानूनगो के पद पर सीधी भर्ती बंद कर लेखपालों को प्रोन्नति देने, सभी लेखपालों को लैपटॉप एवं स्मार्ट फोन उपलब्ध कराने की मांगें प्रमुख हैं।
जमुनिया। कलीनगर तहसील मे रामगपेाल गंगवार, रजेश कुमार, रामकुमार, दीनदयाल, गजेंद्र पाल, महेेश सिन्हा, विपिन शर्मा, रूपेश, सचिन शुक्ला सहित कई लेखपालों ने धरना देकर एसडीएम को ज्ञापन सौंपे।