बच्चे बोले, नहीं खाएंगे ऐसा खाना
- फोटो : बच्चे बोले, नहीं खाएंगे ऐसा खाना
मानक और मेन्यू के हिसाब से मिड डे मील न बनने से गुस्साए बच्चों ने शुक्रवार को खाना से इंकार कर दिया। बच्चे बिफर गए और बोले कि वे हर दिन खिचड़ी नहीं खाएंगे। बच्चों ने शिकायत की कि खिचड़ी में तेल बिल्कुल नहीं था और आलू भी बिना काटे ही डाल दिया गया था। रसोइयों पर सवाल उठे तो उन्होंने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि उन्हें पर्याप्त सामग्री ही उपलब्ध नहीं कराई जाती तो किस तरह अच्छा खाना बनाए।
प्राथमिक स्कूल मकरंदपुर का है। शुक्रवार को मध्यावकाश के दौरान बच्चे मिड डे मील में बनाई गई खिचड़ी खाने बैठे। इस बीच कुछ बच्चों ने खाने में तेल की जगह पानी होने व बिना कटे आलू होने की बात कहते हुए खाने से इंकार कर दिया और खाने को फेंक दिया। बच्चों का आरोप था कि पिछले कई दिनों से खाने के नाम पर उल्टा सीधा खाना दिया जा रहा है। इधर स्कूल में मिड डे मील बनाने वाली रसोइया पुष्पा व मुन्नी का कहना है कि कि खाना बनाने के लिए पूरी खाद्य सामग्री नहीं दी जा रही है। आलू काटने तक को छुरी नहीं है। इसीलिए बिना काटे आलू खिचड़ी में डाले गए। छुट्टी के बाद बच्चों ने मामले की जानकारी अभिभावकों को दी। जिसके चलते अभिभावकों में खासा रोष देखा गया। इस मामले में स्कूल की प्रधानाध्यापिका सुधारानी ने बताया कि रसोइयों को खाद्य सामग्री लगातार उपलब्ध कराई जा रही है। खाद्य सामग्री न देने का आरोप गलत हैं। इधर खंड शिक्षा अधिकारी शिवेंद्र वर्मा ने बताया कि मामले की जांच कराई जाएगी। शनिवार को संकुल प्रभारी को स्कूल भेजा जाएगा। यदि अनियमितता पाई जाती है तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।