पीलीभीत। माध्यमिक विद्यालयों में संचालित व्यावसायिक शिक्षा योजना को प्रभावी बनाने के लिए छात्र-छात्राओं के प्रवेश बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। शासन ने स्पष्ट किया है कि जिन विद्यालयों में निर्धारित न्यूनतम छात्र संख्या पूरी नहीं होगी। वहां संबंधित प्रधानाचार्य की जवाबदेही तय करते हुए कार्रवाई की जाएगी।
शिक्षा निदेशक (माध्यमिक) ने इस संबंध में सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों को पत्र भेजकर चयनित राजकीय एवं सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में संचालित व्यावसायिक ट्रेडों में अधिक से अधिक छात्र-छात्राओं का प्रवेश सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। जिले के विभिन्न विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा योजना के तहत अलग-अलग ट्रेड संचालित हैं।
इन ट्रेडों के लिए आवश्यक उपकरण, कार्यशालाएं और अन्य संसाधन उपलब्ध कराए जा चुके हैं, लेकिन कई विद्यालयों में जागरूकता की कमी और उदासीनता के कारण अपेक्षित संख्या में प्रवेश नहीं हो पा रहे हैं। इससे कई ट्रेड बंद होने की स्थिति में पहुंच रहे हैं, जो योजना के उद्देश्य के विपरीत है। शासन ने अपने निर्देशों में कहा है कि व्यावसायिक शिक्षा के प्रत्येक ट्रेड में न्यूनतम 25 छात्र-छात्राओं का प्रवेश अनिवार्य है। हालांकि विशेष परिस्थितियों में कम से कम 10 विद्यार्थियों के साथ भी ट्रेड का संचालन किया जा सकता है। इस संबंध में वर्ष 2017, 2018, 2023 और 2024 में भी दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके हैं।
डीआईओएस विजय सिंह ने बताया कि व्यावसायिक शिक्षा के माध्यम से छात्र-छात्राओं को कौशल विकास के साथ रोजगारपरक शिक्षा उपलब्ध कराई जा रही है। ऐसे में अधिक से अधिक विद्यार्थियों को इन ट्रेडों से जोड़ना विभाग की प्राथमिकता है। इस संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं। संवाद